भारतीय सैन्य अकादमी (आईएमए) में अंतिम पग भरते ही 601 नौजवान भारतीय सेना का हिस्सा बन गए। इसके साथ ही 64 विदेशी कैडेट भी पास आउट हुए।
अफगानिस्तान के सेना प्रमुख जनरल शेर मोहम्मद करीमी ने परेड की सलामी ली। सुबह 8 बजकर 5 मिनट पर मार्कर्स कॉल के साथ परेड का आगाज हुआ।
कंपनी सार्जेंट मेजर रविंद्र कुमार, दिक्षांत बिष्ट, शशांक बेनीवाल,आशीष कुमार धहिया, संतोष सिंह मेहरा और वैशाख मधूसूदन ने ड्रिल स्क्वायर पर अपनी-अपनी जगह ली। एडवांस कॉल के साथ ही छाती ताने देश के भावी कर्णधार असीम हिम्मत और हौसले के साथ कदम बढ़ाते परेड के लिए पहुंचे।
इसके बाद परेड कमांडर भानू प्रताप सिंह ने ड्रिल स्क्वायर पर जगह ली। कैडेट्स ने शानदार मार्चपास्ट से दर्शक दीर्घा में बैठे हर शख्स को मंत्रमुग्ध कर दिया। इधर, युवा सैन्य अधिकारी अंतिम पग भर रहे थे, तो आसमान से हेलीकाप्टरों के जरिए उनपर पुष्प वर्षा हो रही थी।
अफगानिस्तान के सेना प्रमुख जनरल शेर मोहम्मद करीमी ने परेड की सलामी लेने के बाद ने कहा कि नव सैन्य अधिकारी परम्परागत और गैर परम्परागत चुनौतियों के लिए तैयार रहें। उन्होंने कैडेट्स को ओवरऑल बेस्ट परफोरमेंस व अन्य उत्कृष्ट सम्मान से नवाजा।
भानू प्रताप सिंह को स्वार्ड ऑफ ऑनर प्रदान की गई। पवन कुमार सांगवान को स्वर्ण और पंकज कुमार को रजत पदक मिला। आदित्य आनंद त्यागी को कांस्य पदक प्रदान किया गया। को मिला। जबकि सिल्वर मेडल (टीजी) अभिषेक कटौच और सिल्वर मेडल (टीइएस) प्रसन्नजीत दत्ता ने हासिल किया। अफगानिस्तान के मोहम्मद खालिद सर्वश्रेष्ठ विदेशी कैडेट चुने गए।
चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ बैनर सैंगरो कंपनी को मिला। इस दौरान सेना की पश्चिमी कमान के जनरल आफिसर कमांडिंग इन चीफ ले जनरल केजे सिंह, आईएमए के कमान्डेंट ले. जनरल मानवेन्द्र सिंह, डिप्टी कमांडेंट मेजर जनरल वाइएस माहिवाल आदि मौजूद रहे।