सदन के पटल पर रेल मंत्री सुरेश प्रभु द्वारा पेश किए केंद्रीय रेल बजट को उत्तराखंड के मुख्यमंत्री हरीश रावत ने बेहद निराशाजनक बताया।
उधर, सामरिक लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण सेंट्रल सेक्टर में आने वाले उत्तराखंड के लिए कोई सीमांत रेल परियोजना नहीं होने को रक्षा विशेषज्ञ निराशाजनक बता रहे हैं। लेकिन इन सब निराशाओं के बीच रेल मंत्री प्रभु ने उत्तराखंड की झोली में कुछ राहत डाली है।
रेल बजट में उत्तराखंड को मिला यह
- हरिद्वार रेलवे स्टेशन को अत्याधुनिक रेलवे स्टेशन की श्रेणी में शमिल
- सभी धार्मिक स्थलों के लिए आस्था ट्रेन, हरिद्वार का दावा मजबूत
- कोटद्वार से नजीबाबाद के बीच दोहरीकरण और विद्युतिकरण
- कर्णप्रयाग से आगे चारधाम के रेल यात्रा संयोजन के इंजीनियरिंग और ट्रैफिक सर्वे के लिए बजट में प्रस्ताव
- ऋषिकेश-देहरादून, देहरादून-कालसी, हरिद्वार-देहरादून डबल लेन, देहरादून-पुरोला, काशीपुर-धामपुर, कर्णप्रयाग-चमोली, हरिद्वार-कोटद्वार-रामनगर, देहरादून-उत्तरकाशी रेल संयोजन के लिए प्रारंभिक इंजीनियरिंग और यातायात सर्वे का बजट का प्रावधान