बेटा कैसे आतंकी बन गया पता नहीं
कोर्ट के फैसले की जानकारी चारों के परिजनों को शुक्रवार को लगी तो उनकी आंखें भर आई। मोहम्मद ओसामा के परिवार ने कहा कि उनका बेटा होनहार था और उस समय बीए की पढ़ाई कर रहा था। वह कैसे आतंकी गतिविधियों में लिप्त हो गया, उन्हें जानकारी नहीं है। परिवार के लोगों ने बताया कि दो माह पहले ही उसकी मां का निधन हुआ है। उसके पिता 2020 में गुजर गए थे। वह कोर्ट के फैसले से संतुष्ट हैं। वहीं, मेराज के परिजनों का आरोप है कि उनके बेटे को फंसाया गया है। एनआईए के दबाव में बेटे ने गुनाह स्वीकार किया है। कई बार तिहाड़ जेल में बंद उनके बेटे को प्रताड़ित किया गया। उन्होंने कई बार तिहाड़ जेल के डीजी को इस संबंध में भी पत्र लिखा था। वह कोर्ट के इस फैसले से संतुष्ट नहीं है। वहीं, लंढौरा निवासी अजीम हुसैन के परिजनों ने कुछ भी बोलने से इनकार कर दिया। भगवानपुर चंदनपुर निवासी अखलाक के घर पर ताला लगा मिला।
सात से आठ माह में बाहर आएंगे चारों
मामले में दोषी करार दिए गए अखलाकुर, अजीमुशान, मेराज, मोहम्मद ओसामा पहले ही छह साल से अधिक की सजा जेल में काट चुके हैं। ऐसे में सात से आठ महीने की सजा के बाद रिहा हो जाएंगे। सात से आठ माह बाद जेल से बाहर आने की खबर मिलते ही चारों के परिजन राहत महसूस कर रहे हैं।