हाईकोर्ट ने ऑनलाइन शॉपिंग कंपनी इंस्टाकार्ट व अन्य कंपनियों की प्रवेश कर संबंधी याचिका पर सुनवाई के बाद प्रवेश कर पर रोक लगाते हुए कंपनी को केवल बैंक गारंटी भरने को कहा है।
न्यायमूर्ति यूसी ध्यानी की एकलपीठ के समक्ष बुधवार को मामले की सुनवाई हुई। इंस्टाकार्ट कंपनी व अन्य ने हाईकोर्ट में याचिका दायर कर उत्तराखंड सरकार ने ऑनलाइन व्यापार करने वाली कंपनियों पर 5 प्रतिशत प्रवेश शुल्क लगा दिया है, जबकि यह शुल्क राज्य सरकार नहीं लगा सकती है।
केंद्र को है कर लगाने का अधिकार
अंतरराष्ट्रीय कारोबार में कर लगाने का अधिकार केंद्र सरकार को है। उत्तराखंड सरकार द्वारा दिसंबर 2015 में लागू किए गए 10 प्रतिशत एंट्री टैक्स को नैनीताल हाईकोर्ट में चुनौती दी गई थी। इसमें कहा गया कि राज्य सरकार की यह पहल ऑनलाइन शॉपिंग करने वाले उपभोक्ताओं के हितों के खिलाफ है।
याचिका के मुताबिक राज्य सरकार द्वारा एंट्री टैक्स 2008 के नियमों संशोधन कर धारा 4ए को जोड़ते हुए ई कॉमर्स कंपनियों पर प्रवेश कर में भेदभाव कर केवल ऑनलाइन शॉपिंग पर कर लगाया गया। पक्षों की सुनवाई के बाद एकलपीठ ने कंपनी को बैंक गारंटी भरने को कहा है। मामले की अगली सुनवाई 27 अप्रैल को होगी।