कुंभ मेला अधिकारी दीपक रावत ने बताया कि मेला प्रशासन की तैयारियां पूरी हैं। हरिद्वार आने वाले श्रद्धालुओं से कोरोना की मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) का पालन कराया जाएगा। कोविड निगेटिव रिपोर्ट के साथ मास्क की अनिवार्यता है। घाटों पर शारीरिक दूरी के लिए गोले बनाए गए हैं। सैनिटाइजेशन के लिए बूथ और टीमें लगाई गई हैं। मेला आईजी संजय गुंज्याल ने बताया कि जिले के सभी बॉर्डर पर पुलिस और अर्धसैनिक बलों की तैनाती कर चेकिंग शुरू कर दी है।
पंजीकरण कराने के बाद हरिद्वार आने वाले श्रद्धालुओं को सीधे प्रवेश दिया जा रहा है। महाकुंभ की अवधि तक यही व्यवस्था चलेगी। जो श्रद्धालु बिना पंजीकरण और कोविड निगेटिव रिपोर्ट के आएंगे, बॉर्डर पर उनकी जांच होगी। कुंभ मेला सीएमओ डॉ. एसके झा ने बताया कि बॉर्डर और मेला क्षेत्र में रैंडम सैंपलिंग की जाएगी।
अतिसंवेदनशील राज्यों से आने वाले परिवारों के एक-दो सदस्यों के रैंडम सैंपल लिए जाएंगे। बॉर्डर पर पॉजिटिव आने पर सभी लोगों को लौटा दिया जाएगा। मेला क्षेत्र में पॉजिटिव मिलने वालों को कोविड केयर सेंटरों में आइसोलेट किया जाएगा। जांच के लिए 33 टीमें बनाई हैं। इनमें दस निजी और 23 सरकारी हैं। 10 हजार से अधिक एंटीजन सैंपल रोजाना लिए जाएंगे।