सूचना पर नगर कोतवाली प्रभारी राकेंद्र सिंह कठैत, खड़खड़ी चौकी प्रभारी विजेंद्र कुमाईं मौके पर पहुंचे। कंकाल को कब्जे में लेकर जिला अस्पताल की मोर्चरी में भिजवाया। कर्मचारियों से जानकारी लेने पर पता चला कि दो साल से भवन पूरी तरह बंद पड़ा था। एसपी सिटी स्वतंत्र कुमार सिंह का कहना है कि कंकाल किसका है इसकी जांच की जा रही है।
स्थिति नहीं हो पाई साफ
कंकाल किसी पुरुष या फिर महिला का है, ये स्थिति भी अभी साफ नहीं हो पाई है। पुलिस ये भी मानकर चल रही है कि ठंड के दौरान मरने वाले किसी भिखारी या अन्य व्यक्ति का भी हो सकता है। साथ ही दो साल पहले तक भवन की देखरेख करने वाले दूरसंचार विभाग के कर्मचारियों से भी पुलिस पूछताछ करने की तैयारी में है।