जमीन को लेकर कोर्ट में चल रही जंग के हीरो अधिवक्ता आनंद सिंह सोलंकी और सिद्धार्थ श्रीवास्तव रहे। दोनों अधिवक्ताओं ने 17 जून 2016 में चार्जशीट दाखिल होने के बाद इस केस की पैरवी की। प्रतिवादी पक्ष के तमाम सबूतों को उन्होंने अपनी मजबूत रणनीति और साक्ष्यों के आगे झुकने पर मजबूर कर दिया। कोर्ट का फैसला आने के बाद दोनों अधिवक्ताओं को बधाई देने वालों का तांता लगा रहा।
कोर्ट से बाहर आते ही तनाव में दिखे मंत्री
कोर्ट के सजा सुनाने के बाद पूर्व मंत्री प्रेमप्रकाश सिंह तनाव में दिखे। कोर्ट से न्यायिक हिरासत में जेल जाते ही मीडिया कर्मियों ने उनकी तस्वीर को अपने कैमरों में कैद करना शुरू कर दिया। इस दौरान मंत्री के कदम कुछ देर थम गए। उन्होंने यह तक कह दिया कि यह फोटो खींचना सही नहीं है।
मंत्री का विवाद से रहा है पुराना नाता
यूपी सरकार के पूर्व मंत्री प्रेम प्रकाश सिंह का विवादों से पुराना नाता रहा है। आरटीई में मांगी गई पुलिस सूचना में मंत्री के खिलाफ हत्या, लूट और आगजनी के मुकदमे दर्ज हैं। सत्ता में रहते हुए भी उनके खिलाफ मारपीट समेत कई मुकदमे दर्ज हुए।