उत्तराखंड की पांचों संसदीय सीटों पर सोमवार को शाम पांच बजे चुनावी प्रचार अभियान पूरी तरह से थम जाएगा।
शांतिपूर्वक डोर-टू-डोर मतदाताओं से करेंगे मुलाकात
इसके साथ एक महीने से अधिक समय से चल रहा चुनाव प्रचार का शोर बंद हो जाएगा। हालांकि सात मई को मतदान से पूर्व उम्मीदवार शांतिपूर्वक डोर-टू-डोर मतदाताओं से मुलाकात कर अपनी बात रख सकेंगे।
केंद्रीय चुनाव आयोग के कायदे कानूनों के तहत पांच मई की शाम पांच बजे चुनावी शोर बंद हो जाएगा।
इसके लिए सभी जिलाधिकारियों व पुलिस अफसरों को सख्त हिदायत दी गई है कि किसी भी हाल में समय सीमा खत्म होने के बाद कोई प्रत्याशी प्रचार से परहेज बरते, पार्टी का कोई नेता अपने प्रत्याशी के लिए चुनाव प्रचार न करे।
यदि ऐसा हुआ तो कार्रवाई होगी। इसके लिए सभी राजनीतिक दलों व प्रत्याशियों को आचार संहिता के नियम कानून भेजे जा चुकेहैं।