राज्य की नई सरकार ने पिछली सरकार के करीबी व राजधानी के कप्तान केवल खुराना को हटा दिया है। नई सरकार का यह पहला निर्णय है।
खुराना को पीएचक्यू से अटैच कर दिया गया लेकिन अभी इस पद पर किसी की तैनाती नहीं की गई है।
मुख्मंत्री बनते ही पहला ट्रांसफर
बहुगुणा सरकार में केवल खुराना एक प्रभावशाली आईपीएस अफसर के रूप में उभरे। शायद हरीश ने जैसे ही कमान संभाली तो सबसे पहले खुराना को ही हटाया। जिस आनन फानन में तबादला किया गया उससे लगता है कि सरकार गठन से पहले ही इसकी तैयारी हो चुकी थी।
तबादले के आदेश में आज ही एसपी सिटी को चार्ज देकर पीएचक्यू में ज्वाइनिंग देने की बात कही गई है। यह भी याद नहीं रहा कि आज रविवार है।
गिर गई गाज
खुराना के तबादले की संभावना विगत दिवस ही तब प्रबल हुई जब हरीश के एक करीबी पूर्व विधायक ने पहले एक होटल और फिर बीजापुर गेस्ट हाउस में दून के एसएसपी पद से हटाने की बात ऐलानिया अंदाज में कही। और, वह भी सार्वजनिक स्थल पर। तभी कप्तान का हटना तय मान लिया गया था।
पूर्व विधायक ने यह भी कहा कि हमारे फोन नहीं उठाते थे कप्तान साहब। एक बार शपथ होने दो, पहला आदेश आप ही का होगा। और, हुआ भी वही।
अच्छे अधिकारी रहे खुराना
खुराना ने अपने कार्यकाल में कई अच्छे प्रयास किए, शहर की यातायात व्यवस्था बेहतर कर पुरस्कार जीते और पुलिस के ऐसे मठाधीशों की गर्दन नापी जिन्हें कोई छेड़ता नहीं था।