रोशनी के पर्व दिवाली पर बिगड़ी हवा की सेहत रंगों के त्योहार होली में सुधरने से लोगों ने राहत की सांस ली है। होली के अवसर पर हवा की गुणवत्ता में बड़ा सुधार दर्ज किया गया। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के आंकड़ों के अनुसार दिवाली के दौरान दून का एक्यूआई 294 था। जबकि दीपावली के बाद देहरादून में अधिकतम 254 एक्यूआई दर्ज किया गया था। वहीं, 28 फरवरी को दून का एक्यूआई 119 दर्ज किया गया।
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि दिवाली के दौरान बारिश न होने और कोहरा छाए रहने की वजह से शहर की हवा जहरीली हो गई थी। कई इलाकों में एक्यूआई 300 के पार पहुंच गया था, जिससे सांस और आंखों में जलन जैसी समस्याएं बढ़ गई थीं। उधर अस्पतालों में दमा और एलर्जी के मरीजों की संख्या में भी इजाफा देखा गया था। इसके विपरीत, होली से पहले स्थिति काफी नियंत्रित है। शहरवासियों ने भी साफ हवा का स्वागत किया। पार्कों और सार्वजनिक स्थलों पर लोगों की भीड़ देखने को मिल रही है।
सुबह-शाम की सैर करने वालों ने कहा कि खुली हवा में सहज सांस लेने का अनुभव मिल रहा है। राजपुर रोड निवासी सुधीर गोयल ने कहा कि देहरादून अपनी स्वच्छ आबोहवा के लिए मशहूर है, लेकिन बीते दिसंबर में कुछ दिनों को छोड़ दें तो लगातार यहां भी हवा की गुणवत्ता खराब श्रेणी में बनी हुई थी। दिन ढलने के बाद शहर में स्मॉग छाया हुआ था। जिसके चलते दून की हवा की गुणवत्ता महानगरों की तरह हो गई थी।
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