राजधानी देहरादून में पुलिस हिरासत में लिए गए दो युवकों में से हुई एक की मौत ने पुलिस की परेशानी को और बढ़ा दिया है।
एसएचओ डालनवाला लाइन हाजिर
मृतक के परिजनों ने अज्ञात पुलिस कर्मियों के खिलाफ हत्या और एससी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज करवाया है। इसके साथ ही एसएचओ डालनवाला चंदन सिंह को लाइन हाजिर किया है।
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मृतक रजनीश मूल रूप से बिजनौर के झालू गांव का रहने वाला था। दून के ऋषिनगर में वह दो भाइयों संग रहता था।
रजनीश के भाई रवि और मनजीत ने आरोप लगाया कि पुलिस पूछताछ के बहाने रजनीश को घर से ले गई थी। कस्टडी में यातना देने के कारण उसकी मौत हुई है। दोनों ने दोषियों के खिलाफ कानूनी लड़ाई लड़ने की बात कही।
चार पुलिसकर्मी हुए निलंबित
पुलिस कप्तान ने लापरवाही के आरोप में शनिवार रात ड्यूटी पर रहे दारोगा समेत चार पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया था।
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एसएसपी ने माना कि रजनीश उर्फ लाला की मौत पुलिस कस्टडी में हुई। यह घटना पुलिस की घोर लापरवाही का नतीजा है।
लापरवाही के आरोप में रात्रि अधिकारी दारोगा जयप्रकाश कोहली, सिपाही चंद प्रकाश, दानू सिंह और धीरेंद्र मलासी को निलंबित कर दिया गया था।
कस्टडी में मौत से अफरातफरी
पुलिस कस्टडी में मौत की खबर सुनते ही डीआईजी अमित सिन्हा, एसएसपी अजय रौतेला, एसपी सिटी नवनीत खुल्लर मौके पर आ गए। अधिकारी मामला खोलने के बजाय मंत्रणा में जुटे रहे।
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दो घंटे बाद रजनीश के परिजनों को उसके गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती होने की सूचना दी गई। परिजन अस्पताल पहुंचे और उसका शव देख हंगामा शुरू कर दिया था।