महाषष्ठी पर देवी के बोधन और आमंत्रण के साथ ही गुरुवार को दुर्गा पूजा शुरू हो गई। शहरभर में विभिन्न पूजा पंडालों में देवी की उपासना के लिए हजारों भक्त उमड़ें। शहरभर में डांडिया और गरबा कार्यक्रम भी शुरू हो गया है।
संध्या आरती
कैंट स्थित दुर्गाबाड़ी में सुबह साढ़े सात बजे बोधन-आमंत्रण हुआ। आयोजन समिति के महासचिव पीके महतो ने बताया कि 11 अक्तूबर को नवपत्रिका स्थापना, पुष्पांजलि, बोध निवेदन, संध्या आरती की जाएगी।
12 को अष्टमी पूजा के साथ भोग निवेदन, संध्या आरती, संधि पूजन, बलिदान आदि आयोजन होंगे। 13 को भोग निवेदन, सांस्कृतिक कार्यक्रम होंगे। 14 अक्तूबर को सिंदूर खेला के साथ ही देवी का विसर्जन किया जाएगा।
पूजा में कोलकाता के ढाकी वादक
बंगाली लाइब्रेरी में होने वाली पूजा में कोलकाता से ढाकी वादक आएंगे। आरती के वक्त ढाकी की धुन भक्तों को आनंदित करेगी। रायपुर में पुष्पांजलि, बोध निवेदन पूजन होगा।
दून घाटी मां दुर्गा सेवा समिति की ओर से बल्लीवाला चौक के समीप कालिंदी एनक्लेव पार्क में चार दिवसीय पूजन शुरू होगा। सुबह बोध आमंत्रण के साथ ही कार्यक्रम की शुरुआत होगी। शाम को रंगारंग कार्यक्रम और डांडिया होगा।
देवी के नौ रूप
दुर्गाबाड़ी में इस बार खास सजावट की गई है। देवी के नौ स्वरूपों की पेंटिंग यहां पंडाल में नजर आएंगी। पंडाल का गेट वेस्ट मैटीरियल से तैयार किया गया है।
देवी के पांचवें स्वरूप का पूजन
बुधवार को मंदिरों में देवी के पांचवें स्वरूप स्कंदमाता का पूजन किया गया। माता वैष्णो देवी गुफा मंदिर में सुबह दुर्गा सप्तशती पाठ हुआ। आचार्य बिपिन जोशी ने बताया कि सावन की बरसे बदरिया जैसे भजनों का श्रद्धालुओं ने खूब आनंद लिया।
पटेलनगर स्थित श्री श्यामसुंदर मंदिर में महिला संकीर्तन की ओर से सुबह-शाम भजन गाए गए। श्रद्धालुओं को स्कंदमाता स्वरूप के बारे में बताया गया।
डांडिया में जमकर थिरके कदम
नवरात्र पर इंजीनियर्स इनक्लेव में आयोजित डांडिया नाइट में महिलाएं, बच्चे जमकर झूमे। अलग-अलग वर्गों में विजेताओं को पुरस्कृत किया गया। बुधवार को कॉलोनी के पार्क में रवि एंड पार्टी ने जय गणेश देवा..., मैं तो आरती उतारूं रे.. जैसे भजनों से सांस्कृतिक कार्यक्रमों की शुरुआत की।
फेसबुक पर राय देने के लिए क्लिक करें...