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हरिद्वार: बुखार और खांसी के बाद एंकातवास में रह रहे निरंजनी अखाड़े के संत की संदिग्ध हालत में मौत

Tue, 27 Apr 2021 09:15 PM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हरिद्वार

सार

  • मृत मिले संत बुखार और खांसी की शिकायत के बाद से एकांतवास में थे। अखाड़े के श्रीमहंत रविंद्र पुरी ने कोविड संक्रमण के चलते संत की मौत की आशंका जताई है।
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- फोटो : प्रतीकात्मक तस्वीर
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विस्तार
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हरिद्वार महाकुंभ स्नान के लिए गुजरात से हरिद्वार आए पंचायती अखाड़ा श्री निरंजनी के संत राकेश पुरी मायापुर स्थित आश्रम के कमरे में मृत पाए गए। बुखार और खांसी की शिकायत के बाद से वे एकांतवास में थे। अखाड़े के श्रीमहंत रविंद्र पुरी ने कोविड संक्रमण के चलते संत की मौत की आशंका जताई है।

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गुजरात के अहमदाबाद निवासी संत राकेश पुरी (60) महाकुंभ स्नान के लिए हरिद्वार स्थित पंचायती अखाड़ा श्री निरंजनी आश्रम में आए हुए थे। कुछ दिनों से उनका स्वास्थ्य ठीक नहीं था। राकेश पुरी को बुखार और खांसी की शिकायत थी।

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इसके बाद से वे अपने कमरे में अकेले रह रहे थे। मंगलवार शाम को जब संतों ने उनके कक्ष का दरवाजा खोला तो वे मृत पाए गए। पंचायती अखाड़ा श्रीनिरंजनी के श्रीमहंत रविंद्र पुरी ने बताया कि संत में कोविड के संदिग्ध लक्षण थे।

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हालांकि उन्होंने कहा कि संत की कोविड जांच नहीं हुई थी। अब एक बार फिर से अखाड़े के आश्रम के सभी संतों की कोविड जांच करवाई जाएगी। उधर एसीएमओ डॉ. एचडी शाक्य ने बताया संत कि कोविड जांच नहीं की गई थी।

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पंखे से लटका मिला भेल में ट्रेनिंग कर रहे युवक का शव

हरिद्वार के भेल में ट्रेनिंग कर रहे युवक का शव संदिग्ध हालात में अपने चाचा के क्वार्टर में पंखे से लटका मिला है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस को मौके से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है।

रानीपुर कोतवाली क्षेत्र के सेक्टर तीन स्थित टाइप टू क्वार्टर नंबर 79 में रहने वाले रक्षपाल सिंह मूल रूप से एटा निवासी हैं। वह भेल में कार्यरत हैं। पिछले काफी दिनों से उनका भतीजा लाखन (22) उनके पास ही रहता था। लाखन ने आईटीआई किया है वह बीएचईएल में ट्रेनिंग कर रहा था।

रक्षपाल सिंह ने बताया कि उन्हें बुखार आया था। लिहाजा उन्होंने लाखन को दूसरे कमरे में सोने के लिए कहा था। मंगलवार सुबह जब लाखन देर तक कमरे से बाहर नहीं निकला तो रक्षपाल सिंह ने आवाज दी। कमरे के अंदर कोई हलचल नहीं होनेे पर उन्होंने दरवाजा तोड़ा। अंदर जाकर देखा तो लाखन पंखे के कुंडे से चुनरी का फंदा लगाकर लटका हुआ था। रक्षपाल सिंह ने इसकी सूचना पुलिस केे दी।

सूचना मिलते ही रानीपुर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और शव को फंदे से उतरा। इसके बाद पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। रानीपुर कोतवाली के एसएसआई विक्रम धामी ने बताया कि परिजनों ने पूछताछ के दौरान बताया लाखन का रिश्ता तय हो गया था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत की वजह साफ होगी। प्रथमदृष्टया पुलिस इसे आत्महत्या मानकर छानबीन कर रही है। 
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