स्थानीयों की आवाजाही के लिए बनाया जाए बेहतर रूट प्लान
मुख्यमंत्री ने कहा कि स्थानीय लोगों को आवाजाही में किसी प्रकार की दिक्कत का सामना न करना पड़े, सड़कों पर यातायात प्रभावित न हो, यातायात प्रबंधन के लिए बेहतर रूट प्लान बनाया जाए। पर्याप्त पार्किंग की व्यवस्था की जाए। दूसरे राज्यों से परस्पर समन्वय बनाकर कॉमन डायवर्जन प्लान बनाया जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि कांवड़ यात्रा में भी विशेष वेरिफिकेशन ड्राइव चलाए जाए, ताकि पहचान छुपा कर आने वाले लोगों पर सख्ती से कार्रवाई हो सके। सुपरविजन के लिए विशेष मजिस्ट्रेट की नियुक्तियां भी की जाएं।
साढ़े पांच करोड़ कांवड़ यात्रियों के आने की संभावना
जिलाधिकारी धीराज सिंह गर्ब्याल ने बताया कि कावड़ मेला अवधि 22 जुलाई से दो अगस्त तक है। इस वर्ष 5.5 करोड़ कांवड़ यात्रियों के हरिद्वार आने की संभावना है। कांवड यात्रा के सुचारू संचालन के लिए कंट्रोल रूम की स्थापना की गई है, जो 24 घंटे संचालित होगा। यात्रा के सुचारू संचालन के लिए 14 सुपर जोन, 36 जोन एवं 130 सेक्टर बनाए गए हैं। मेले के लिए पांच नोडल अधिकारियों को नामित किया गया है।
ये रहे प्रमुख लोग मौजूद
जिला पंचायत अध्यक्ष किरण चौधरी, विधायक आदेश चौहान, प्रदीप बत्रा, ममता राकेश, पूर्व कैबिनेट मंत्री स्वामी यतीश्वरानंद, पूर्व विधायक संजय गुप्ता, मुख्य सचिव राधा रतूड़ी, अपर मुख्य सचिव आनंद वर्धन, प्रमुख सचिव आरके सुधांशु, डीजीपी अभिनव कुमार, सचिव शैलेश बगोली, नितेश कुमार झा, सचिन कुर्वे, विनोद कुमार सुमन, डॉ. आर. राजेश कुमार, कमिश्नर गढ़वाल विनय शंकर पांडेय, एडीजी एपी अंशुमान, आईजी गढ़वाल केएस नगन्याल, अपर सचिव रणवीर सिंह चौहान, सूचना महानिदेशक बंशीधर तिवारी, एसएसपी हरिद्वार प्रमेंद्र डोभाल आदि मौजूद रहे।