बिहारी महासभा की ओर से टपकेशवर मंदिर में अरवा चावल और दाल के साथ कद्दू की सब्जी का प्रसाद वितरण किया गया। इस दौरान बिहारी महासभा के अध्यक्ष ललन सिंह ने बताया कि नहाय खाय के दिन चना दाल, कद्दू की सब्जी और अरवा चावल का भात प्रसाद के रूप में बनाया जाता है।
इस दिन बनने वाले खाने में सेंधा नमक का इस्तेमाल किया जाता है। सोमवार को टपकेश्वर महादेव मंदिर, प्रेम नगर, चंद्रबनी मंदिर में साफ-सफाई करके तीनों स्थानों पर कद्दू भात बांटा गया। इस मौके पर टपकेश्वर मंदिर में चंदन कुमार झा, रितेश कुमार, प्रभात कुमार, आलोक कुमार, अमरेंद्र कुमार, विनय कुमार, सतेंद्र सिंह अमरेंद्र कुमार आदि मौजूद रहे।
मंगलवार को खरना, नमक त्याग देंगे व्रती
मंगलवार को खरना (छोटी छठ) है। इस दिन व्रती महिलाएं उपवास रख कर खीर और रोटी ग्रहण करेंगी। इसके बाद 36 घंटे का उपवास शुरू होगा। व्रती पूरी तरह नमक का त्याग कर देंगे। दिनभर उपवास रखा जाएगा, पानी भी ग्रहण नहीं किया जाएगा। इसके अलावा भोजन गैस पर नहीं बनाया जाएगा। शाम को व्रती खुद गुड़ की खीर बनाकर ग्रहण करेंगे। इसके लिए लकड़ी, चूल्हे और कोयले का इंतजाम किया गया है।