एक साल में उत्तराखंड में तीस हजार नौकरियां देगी सरकार
Thu, 10 Mar 2016 12:30 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून
सार
अगले वित्तीय वर्ष में तीस हजार सरकारी नौकरियां देंगी।
4000 गांवों को सड़क मार्ग से जोड़ना सरकार का लक्ष्य।
विद्यालयी व माध्यमिक और उच्च शिक्षा को गुणवत्तापरक बनाने के लिए सुधार किए जा रहे हैं।
23 छोटे स्मार्ट कस्बे विकसित होंगे, इसके लिए अलग से निगम बनेगा।
विधानसभा के वर्ष 2016-17 के बजट सत्र में राज्यपाल डॉ. कृष्णकांत पाल ने अपने अभिभाषण में सरकार की कार्ययोजना सामने रखी। राज्यपाल ने कहा कि सरकार अगले वित्तीय वर्ष में तीस हजार सरकारी नौकरियां देंगी।
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एक घंटे से ज्यादा के अभिभाषण में राज्यपाल ने प्रदेश के पर्वतीय क्षेत्रों से पलायन की रोकथाम, ग्रामीण क्षेत्रों में निवेश, कनेक्टिविटी बढ़ाने, अवस्थापना विकास, कृषि सेक्टर को आगे ले जाने, स्वास्थ्य सेवाएं सुधारने जैसे वादे किए। सरकार ने अपनी ग्रीन बोनस की मांग दोहराई है। यह भी कहा कि राज्य में अभी 4000 गांवों को सड़क मार्ग से जोड़ना है।
सदन को संबोधित करते हुए राज्यपाल ने कहा कि प्रदेश की विकास दर पिछले तीन सालों से लगातार बढ़ रही है। उन्होंने क्षेत्रीय विषमता को दूर करने के लिए कृषि, बागवानी मिशन व खाद्य प्रसंस्करण आदि में योजनाबद्ध तरीके से काम करने की बात भी कही। उन्होंने कहा कि सरकार पर्यावरण, वन एवं वन्य जीवों के संरक्षण के क्षेत्र में बेहतर काम कर रही है।
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नमामि गंगे अभियान में हम पूरा सहयोग करेंगे। वर्षा जल संरक्षण व अन्य फ्लैगशिप योजनाएं, कृषि उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए बाढ़ प्रबंधन की परियोजनाओं को पूरा करने के लिए पर्याप्त बजट दिया जाएगा।
पर्वतीय क्षेत्रों से पलायन रोकने को कई योजनाएं शुरू की गई हैं। प्रत्येक विकास खंड में 25 लाख रुपये की पंचायत निधि स्थापित की गई। चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के प्रयास लगातार हो रहे हैं।
शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाएं और एग्रीकल्चर सेक्टर पर जोर
बजट सत्र
- फोटो : amar ujala
विद्यालयी व माध्यमिक और उच्च शिक्षा को गुणवत्तापरक बनाने के लिए सुधार किए जा रहे हैं। दुर्गम क्षेत्रों में कई नए महाविद्यालय स्थापित किए गए हैं। नगरीय क्षेत्र में 50 और प्रत्येक ब्लॉक में पांच-पांच आदर्श विद्यालय स्थापित किए जा रहे हैं। 2020 तक राज्य को वैज्ञानिक मानव संसाधन के रूप में विज्ञान धाम परियोजना के तहत विकसित करने की बात भी राज्यपाल ने कही।
उन्होंने कहा कि केदारनाथ पूरी तरह से बाढ़ सुरक्षित हो गया है और पुनर्निर्माण का कार्य जारी है। शहरों के नियोजित विकास के लिए 23 छोटे स्मार्ट कस्बे विकसित होंगे, इसके लिए अलग से निगम बनेगा। सरकार बिल्डिंग कंस्ट्रक्शन कॉरपोरेशन की स्थापना भी करेगी। अर्द्ध कुंभ 2016 के लिए सरकार अपने संसाधनों से 321 करोड़ केनिर्माण कार्य करा चुकी है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में अभी चार हजार से ज्यादा गांवों को सड़क मार्ग से जोड़ा जाना है। 2800 गांवों के लिए मार्ग स्वीकृत किए जा चुकेहैं। अपने प्रदेश में रोप-वे, पुल व सुरंग बनाने के लिए निगम की स्थापना की जा रही है। देहरादून, ऋषिकेश, हरिद्वार के लिए मेट्रो रेल के लिए कार्यवाही गतिमान है।
: हिमालयन दर्शन योजना का विस्तार होगा
: रोजगार सृजन व पलायन रोकने के लिए 98 करोड़ का लॉजिस्टिक हब
: पंतनगर में कल्याणी नदी का चैनलाइजेशन कर 16 एकड़ में सिटी पार्क बनेगा
: काशीपुर एस्कार्ट फार्म के 200 एकड़ में नोलेज हब बनेगा
: टिहरी में मदन नेगी स्थान पर इको टूरिज्म गतिविधि संचालित होगी
: नेपा व खुरपिया फार्म की भूमि का निवेश के लिए प्रयोग होगा
: कलाकारों के लिए बीमा व कॉरपस फंड की स्थापना की गई है
: द्वितीय विश्व युद्ध पेंशन, आवासीय सहायता समेत सैनिक कल्याण की कई योजनाएं
: राष्ट्रीय बचत योजनाओं में शत प्रतिशत लक्ष्य हासिल किया
: जीएसटी कर प्रणाली के लिए भविष्य की योजना बनाई जा रही है
: सातवें वेतन आयोग का गठन किया, एक साल में अपनी संस्तुति देगा
: राज्य महिला सहायता प्रकोष्ठ का गठन किया गया
: ट्रैफिक के लिए दून समेत कई शहरों में सिटी पेट्रोलिंग यूनिट का संचालन
: राज्य में चार पुलिस मॉडर्न स्कूलों का गठन किया
: दिव्यांगों के लिए नगर व ग्रामीण क्षेत्रों में व्यवसायिक फंड निर्मित किए जाएंगे
: सेंट्रल फॉर पॉलिसी प्लानिंग व गुड गवर्नेंस की रूपरेखा तैयार