लामबगड़ में बंद बदरीनाथ हाईवे रविवार सुबह 11 बजे वाहनों की आवाजाही के लिए सुचारु कर दिया गया। हाईवे खुलने के बाद धाम से करीब 185 तीर्थयात्रियों ने अपने गंतव्य के लिए प्रस्थान किया।
पांडुकेश्वर और जोशीमठ में रोके गए 236 तीर्थयात्री बदरीनाथ धाम के लिए रवाना हुए। शनिवार दोपहर एक बजे खुला बदरीनाथ हाईवे दोपहर तीन बजे बारिश से बंद हो गया था। इसके बाद प्रशासन ने 70 तीर्थयात्रियों को पांडुकेश्वर और जोशीमठ में रोक लिया था।
सुबह से लग गया बीआरओ
रविवार सुबह छह बजे से जुटे बीआरओ के मजदूरों ने सुबह 11 बजे हाईवे को आवाजाही के लिए खोल दिया। जोशीमठ के एसडीए अनूप कुमार नौटियाल ने बताया कि लामबगड़ में हाईवे की स्थिति नाजुक बनी है।
यहां बारिश के दौरान पत्थरों के छिटकने का खतरा बना है, जिसे देखते हुए तेज बारिश में यहां वाहनों को रोका जा रहा है। मौसम साफ रहने पर आवाजाही करवाई जा रही है।
अब आमरण अनशन की बारी
बदरीनाथ हाईवे सुधारीकरण की मांग को लेकर पांचवें दिन भी धाम में क्रमिक अनशन जारी रहा। आपदा संघर्ष समिति के उपाध्यक्ष विपुल डिमरी और कोषाध्यक्ष हरि प्रसाद कोटियाल ने कहा की हाईवे सुधारीकरण को लेकर जन प्रतिनिधियों की ओर से भी लापरवाह रवैया अपनाया जा रहा है।
कहा यदि शीघ्र सरकार ने हाईवे सुधारीकरण कार्य शुरू नहीं करवाया तो संघर्ष समिति आमरण अनशन शुरू कर देगी।