पतंजलि योगपीठ में योगगुरू बाबा रामदेव ने कहा कि मोदी सरकार बनने के बाद अब उनका अगला लक्ष्य व्यवस्था परिवर्तन होगा। ये बातें बाबा रामदेव ने पतंजलि योगपीठ में एक से सात जून तक योग शिविर के आयोजन की गोष्ठी में कही।
शिविर की व्यवस्था से जुडे़ प्रतिनिधियों की संगोष्ठी में बाबा रामदेव ने कहा कि एक चरण की पूर्णाहुति हो चुकी अब अगला कदम व्यवस्था परिवर्तन का सृजन होगा।
उन्होंने देश भर में आचार्य कुलम स्थापित किए जाने की योजना बताई।
बनेगी 25 वर्षीय दीर्घकालीन योजना
बाबा रामदेव ने संगोष्ठी को संबोधित करते हुए कहा कि व्यवस्था परिर्वतन के लिए 25 वर्षीय दीर्घकालीन योजना बनेगी जिसके तहत जनमानस की मन: स्थिति, परिस्थिति और व्यक्तित्व में बदलाव लाना होगा।
शिविरों के माध्यम से शिविरार्थी को उनकी क्षमता के अनुसार इसी दिशा में कार्य करने के लिए प्रशिक्षित और प्रेरित किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि राष्ट्र के संस्कारवान और प्रज्ञावान बच्चों को आधुनिक तकनीक और ज्ञान विज्ञान से जोड़ने के लिए देश के हर जिले में एक आचार्यकुलम स्थापित किया जाएगा।
एनसीईआरटी की तरह गुरुकुल शिक्षा बोर्ड
केंद्र सरकार से एनसीईआरटी के समकक्ष गुरुकुल शिक्षा बोर्ड और उसके लिए एक केंद्रीय बजट की योजना बनवाना तथा सनातन धर्म आर्ष परंपरा को आधुनिकता के साथ जोड़कर समाज में उसे पूर्ण गौरव के साथ प्रतिष्ठित करना है।
इस अवसर पर आचार्य बालकृष्ण ने बताया कि स्वामीजी के पूरे अभियान का आधार आध्यात्मिकता और अवलंबित होगा।
बच्चों के लिए मानव निर्माण योजना
बालकृष्ण ने कहा कि मानव निर्माण योजना के तहत बच्चे को मां की कोख में आने से लेकर 25 साल की आयु पूरी होने तक उन्हें दिव्य वातावरण, आहार, विचार, संस्कार, शिक्षण देने की योजना है जिससे वह आगे चलकर राष्ट्र के सम्मुख पुरुषार्थ, उत्साह, पराक्रम, शुभ स्वभाव, शुद्ध आचरण के साथ प्रस्तुत हो सके।
उन्होंने कहा कि इस तरह देश में दिव्य परिर्वतन घटित होगा और न्याय की प्रतिष्ठा होगी। शिविर के प्रभारी डा. राकेश मित्तल ने जानकारी देते हुए बताया कि इस शिविर में अभी तक 25 राज्यों के 15000 युवाओं ने अपना पंजीकरण कराया है।