योगगुरु स्वामी रामदेव के पतंजलि योगपीठ ट्रस्ट पर दो और मुकदमे दर्ज कर लिए गए हैं। जिला प्रशासन की ओर से जमीन की रजिस्ट्री में कम स्टांप ड्यूटी अदा करने के आरोप में यह मुकदमे दर्ज कराए गए हैं। रामदेव पर क्रिकेट के स्कोर कार्ड की तरह मुकदमे बढ़ते जा रहे हैं।
जमीनों से जुड़े मामलों में जिला प्रशासन अब तक 85 मामले दर्ज करा चुका है। अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) जीवन सिंह नागन्याल ने बताया कि पतंजलि योगपीठ ट्रस्ट की ओर से जमीनों की रजिस्ट्री कराते समय तय मानक से कम स्टांप ड्यूटी अदा की गई। यह स्टांप ड्यूटी की चोरी के मामले बनते हैं। ऐसे दो मामले पकड़ में आए हैं।
दोनों मामलों में बृहस्पतिवार को केस दर्ज कर लिए गए। रामदेव की संस्थाओं पर इससे पहले स्टांप चोरी के 52 मामले दर्ज हैं।
स्टांप के मामलों में रामदेव पर मुकदमों की संख्या बढ़कर 54 हो गई। इसके अलावा 23 मामले जमीन खरीद की शर्तों के उल्लंघन और आठ मामले ग्राम सभा की जमीन पर कब्जे एवं रिवीजन से संबंधित हैं।
शासन को रैफर मामलों में इंतजार
अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) जीवन सिंह नागन्याल ने बताया रामदेव की संस्थाओं से संबंधित 32 मामले निर्देश के लिए शासन को रैफर किए गए थे। इन मामलों में अभी तक कोई आदेश नहीं मिला है। शासन के आदेश का इंतजार किया जा रहा है।