इस्लामिक स्टेट ऑफ इराक एंड अल शाम (आईएसआईएस) ने ऑन लाइन टेस्ट के जरिए अखलाख का आतंकी गतिविधियों के लिए चयन किया था। आगे के आदेश भी उसे फेस बुक और आईएसएस से जुड़ी कुछ सोशल साइट के जरिए मिले। अर्द्धकुंभ में आतंकी हमला करने की साजिश रचने के आरोप में अखलाख को पकड़ने वाली टीम के एक उच्च पदस्थ पुलिस अधिकारी ने यह जानकारी दी।
जानकारी के मुताबिक आईएसआईएस ने पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई की तरह ही मुजफ्फरनगर को बड़ा सेंटर बनाया है। रुड़की में पकड़े गए चारों आतंकियों को विस्फोट के लिए यहां पर धन मुहैय्या कराने से इस आशंका को बल मिला है। खुफिया एजेंसी मुजफ्फरनगर में असलाह और पैसा मुहैया करवाने वालों की पहचान कर शिकंजा कसने की तैयारी में है।
सूत्रों की माने तो आईएसआईएस के स्लीपर सेल वेस्ट यूपी से लेकर जम्मू-कश्मीर और छत्तीसगढ़ तक फैला है। मुजफ्फरनगर इसका बड़ा सेंटर बनता जा रहा है।