फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Dehradun News: उत्तराखंड हाईकोर्ट में ई-न्यायालय के लिए इस साल 2957 लाख स्वीकृत

विज्ञापन
विज्ञापन
-हाईकोर्ट में सूचना, संचार और प्रौद्योगिकी अवसंरचना पर खर्च होगी राशि
विज्ञापन


-हरिद्वार सांसद त्रिवेंद्र के सवाल पर विधि एवं न्याय राज्यमंत्री ने दिया जवाब

अमर उजाला ब्यूरो

देहरादून। हरिद्वार सांसद त्रिवेंद्र सिंह रावत ने संसद के शीतकालीन सत्र के दौरान प्रश्नकाल में उत्तराखंड न्यायिक अवसंरचना के सुदृढ़ीकरण का मुद्दा उठाया। उनके सवाल के जवाब में केंद्रीय विधि एवं न्याय राज्यमंत्री ने बताया कि उत्तराखंड हाईकोर्ट में ई-न्यायालय के लिए इस साल 2957 लाख रुपये स्वीकृत किए गए हैं।

सांसद त्रिवेंद्र ने सवाल किया कि क्या उत्तराखंड के कई जिलों में न्यायालय भवनों, रिकार्ड कक्ष और बार कक्षों के लिए अवसंरचना की भारी कमी है। साथ ही पूछा कि क्या सरकार ने उत्तराखंड न्यायपालिका की अवसंरचना में सुधार करने के लिए कोई विशेष निधि स्वीकृत की है।
विज्ञापन


लिखित जवाब में विधि और न्याय राज्यमंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने बताया कि ई-न्यायालय के अधीन उत्तराखंड उच्च न्यायालय को सूचना, संचार और प्रौद्योगिकी (आईसीटी) अवसंरचना के लिए वर्ष 2025-26 में कुल 2957 लाख की राशि स्वीकृत की गई है। इससे पहले वर्ष 23-24 में 1367.69 लाख और वर्ष 24-25 में 1995.79 लाख की राशि दी जा चुकी है। न्यायपालिका के लिए अवसंरचनात्मक सुविधाओं के विकास की मुख्य जिम्मेदारी राज्य सरकार-संघ राज्य क्षेत्रों की है।
विज्ञापन

उत्तराखंड के लिए केंद्र और राज्य के बीच निधि साझाकरण प्रतिशत 90-10 है। इस स्कीम में न्यायालय हाॅल, न्यायिक अधिकारियों के लिए आवासीय सुविधाएं, वकीलों के लिए हाॅल, वकीलों और वादकारियों की सुविधा के लिए शौचालय परिसर, डिजिटल कम्प्यूटर कक्ष शामिल है। उत्तराखंड में 298 न्यायिक अधिकारियों के स्वीकृत पदों के लिए 283 न्यायालय हाॅल उपलब्ध हैं। अन्य 12 न्यायालय हाॅल निर्माणाधीन हैं। ई-न्यायालय परियोजना के चरण तीन के अधीन देशभर में 2038.40 करोड़ रुपए की लागत से संपूर्ण न्यायालय अभिलेख-विरासत संपदा अभिलेख और नए मामलों की फाइलिंग दोनों के डिजिटलीकरण की व्यवस्था है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें