महिला प्रीमियर लीग 2024 की नीलामी में भारत की दो युवा खिलाड़ी सबसे ज्यादा चर्चा में रहीं। दो करोड़ हासिल करने वाली काश्वी गौतम और 1.3 करोड़ में बिकने वाली वृंदा दिनेश। नीलामी से पहले ही माना जा रहा था कि वृंदा पर बड़ी बोली लग सकती है और यही हुआ। जैसे ही वृंदा का नाम नीलामी के लिए आय तो सभी टीमें उन्हें खरीदना चाहती थीं। पांच में तीन टीमों ने उन्हें अपने साथ जोड़ने की कोशिश की, लेकिन अंत में यूपी की टीम इसमें सफल रही।
10 लाख बेस प्राइस वाली वृंदा के लिए टीमें एक करोड़ से ज्यादा पैसा लुटाने के लिए राजी थीं और अंत में यूपी वॉरियर्स ने बेस प्राइस से 13 गुना ज्यादा कीमत देकर उन्हें खरीदा। दिनेश के लिए गुजरात की टीम ने 11 बार दांव लगाया। यह टीम वृंदा को 1.2 करोड़ देने के लिए तैयार थी, लेकिन यूपी ने इससे ज्यादा कीमत देकर उन्हें खरीदा। यूपी ने वृंदा के ऊपर छह बार दांव लगाया, जबकि यूपी का पहला दांव 65 लाख रुपये था। वहीं, आरसीबी ने भी इस खिलाड़ी पर पांच बार दांव लगाया और 55 लाख रुपये तक देने के लिए यह फ्रेंचाइजी तैयार थी।
यूपी वॉरियर्स टीम की डायरेक्टर जिनिशा शर्मा ने नीलामी के बाद बताया कि वह क्यों वृंदा को अपनी टीम में शामिल करने के लिए बेताब थीं। उन्होंने कहा "हम जानते थे कि हमें अपनी टीम में कुछ स्थान भरना है और भारतीय बल्लेबाजों पर हमारी नजर थी। हमने वृंदा को हमारे कुछ ट्रायल में देखा है और हमें उसी समय पता चल गया था कि हम वृंदा को खरीदना चाहते हैं। वह युवा हैं, वह बेहद प्रतिभाशाली हैं और मुझे लगता है कि वह लंबे समय तक हमारी मूल टीम का हिस्सा बनी रहेंगी। देखिए, बहुत से राज्य युवा प्रतिभाओं को विकसित करने के लिए अपना समय और संसाधन निवेश कर रहे हैं, और हम वास्तव में उत्साहित हैं कि अब महिला प्रीमियर लीग एक मंच के रूप में इन खिलाड़ियों को लेने में सक्षम है, उन्हें वास्तव में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपना दबदबा बनाने दें। हम किसी युवा को उत्साहित कर रहे हैं कि आप जानते हैं कि हमें और भी ऊपर जाना होगा। हम ऐसा करने को तैयार थे। लेकिन कुल मिलाकर राहत मिली, उत्साहित हूं कि हमें वह खिलाड़ी मिल गया जिसे हम वास्तव में चाहते थे।"