नमस्कार! मैं सुशील दोशी एक बार फिर से आपका स्वागत करता हूं। सबसे पहले धनतेरस की आप सभी को शुभकामनाएं। आपका दिन मंगलमय हो और भारतीय क्रिकेट के लिए यह साल बहुत ही जोरदार रहे, ऐसी हमारी आशा है। आप सभी भी यही कामना कर रहे होंगे। कल जो न्यूजीलैंड और श्रीलंका के बीच मैच हुआ न, वो न लग रहा था कि न्यूजीलैंड को जरूरत है एक बड़ी जीत की और वह बड़ी जीत हासिल उन्होंने कर ली। उन्होंने श्रीलंका को बुरी तरह से हरा दिया और अब यह हालत हो गई कि पाकिस्तान का सेमीफाइनल में पहुंचना लगभग नामुमकिन है। तो इस तरह से न्यूजीलैंड एक सशक्त टीम के रूप में उभरा।
मैं पहले भी कह रहा था कि उनका गेंदबाजी आक्रमण कमजोर हो रहा था, क्योंकि उनके प्रमुख तेज गेंदबाज नहीं खेल रहे थे। फर्ग्यूसन और हेनरी नहीं खेल रहे थे और इसी वजह से उनका तेज आक्रमण इतना तेज नजर नहीं आ रहा था और उतना धारदार नजर नहीं आ रहा था, लेकिन फर्ग्यूसन जैसे ही वापस आए, टीम की हालत ही बदल गई। मैं अक्सर कहता हूं तेज गेंदबाज अक्सर जोड़ियों में अपना शिकार करते हैं। जैसे ही फर्ग्यूसन आए, हमने देखा कि ट्रेंट बोल्ट ने भी बढ़िया गेंदबाजी की और शुरुआत से ही विकेट उखाड़ने की उनकी आदत है, उस पर वह कायम रहे।
पावरप्ले में जब आप विकेट उखाड़ लेते हैं न तो जीत की बुनियाद आप अपनी टीम के लिए रख देते हैं। कल न्यूजीलैंड ने भी यही किया। पावरप्ले में ही उन्होंने श्रीलंकाई टीम की कमर तोड़ कर रख दी और इसके बाद श्रीलंका उबर नहीं पाया। बहुत सस्ते स्कोर पर आउट हो गया और जिस तरह से न्यूजीलैंड ने उस स्कोर को पार किया, उससे लगता है कि उनका आत्मविश्वास कितना बढ़ा हुआ है। उनके तमाम बल्लेबाज फिर से फॉर्म में दिखाई दे रहे हैं। कॉन्वे भी फॉर्म में आ गए और मिचेल तो इस पूरे टूर्नामेंट में बढ़िया प्रदर्शन कर रहे हैं। तो कुल मिलाकर न्यूजीलैंड एक सशक्त टीम के रूप में उभरा है।
लग रहा, हालांकि हम अभी से घोषणा नहीं कर सकते, लेकिन साफ नजर आ रहा है कि न्यूजीलैंड अब ऐसी चौथी टीम होगी जो सेमीफाइनल में पहुंचेगी। अगर वो सेमीफाइनल में पहुंचती है तो भारत पहले नंबर पर है, उसका मुकाबला चौथे नंबर की टीम यानी न्यूजीलैंड से होगा। वह मुकाबला भी बहुत ही दिलकश और बहुत ही दिलचस्प रहने की संभावना है, क्योंकि न्यूजीलैंड की टीम में भी तमाम ऑलराउंड क्षमता है। भारत ने पिछली बार जब लीग मैच में न्यूजीलैंड को हराया था, तब भी बहुत मुश्किलों का सामना करना पड़ा था।
भारत यूं तो बहुत ही अच्छे फॉर्म में है, यह हम सभी देख रहे हैं और दूसरे सेमीफाइनल की बात जो हम कर रहे हैं न, वह ऑस्ट्रेलिया और दक्षिण अफ्रीका के बीच में हो सकता है। यह भी एक बड़ा मैच हो सकता है। ऑस्ट्रेलिया एक ऐसी टीम है, जिसके बारे में मैं हमेशा कहा करता हूं, बड़े मुकाबलों में बेहतर प्रदर्शन करती है। हालांकि, दक्षिण अफ्रीका को भी कमतर आंकना ठीक नहीं होगा। उसके तमाम बल्लेबाज अच्छे फॉर्म में थे। हालांकि, भारत के खिलाफ वे इतना अच्छा नहीं खेल पाए थे, लेकिन फिर भी उनके बल्लेबाज बहुत ही जबरदस्त फॉर्म में हैं।
हम जानते हैं कि क्विंटन डिकॉक ने किस तरह इस विश्व कप में चार शतक लगाए हैं। उनके अन्य बल्लेबाज भी, चाहे वह डेविड मिलर हों या क्लासेन हों या मार्करम हों या फिर डुसेन हों, तमाम बल्लेबाज बहुत अच्छी क्वालिटी के बल्लेबाज हैं। उनका गेंदबाजी आक्रमण भी बढ़िया है और किसी एक खास दिन वह किसी भी टीम को हराने की क्षमता रखते हैं। इसमें भी कोई संदेह नहीं है। तो विश्व कप का मुकाबला अब बड़ा मुकाबला हो गया, क्योंकि सेमीफाइनल में जब टीमें खेलेंगी न, तब आप किसी को भी आसान नहीं ले सकते। किसी को हल्के में लेना आपके लिए आत्मघाती साबित हो सकता है।
इस विश्व कप में मुकाबले बहुत ही दिलचस्प हो रहे हैं। मैक्सवेल ने इस टूर्नामेंट का गणित ही बदल दिया कि क्या कुछ हो सकता है। कैसे कुछ जादुगरी के परिणाम आपको हासिल हो सकते हैं। इसलिए यह विश्व कप यादगार बनकर रह जाएगा। कोई भी टीम जीते, लेकिन इस दीपावली के अवसर पर खुशियों के पटाखे छोड़ना, क्रिकेट की लड़ियां छोड़ने हमलोगों के लिए बहुत ही दिलचस्प होगा। धन्यवाद।