अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) ने अहमदाबाद में भारत और इंग्लैंड के बीच खेले गए दिन/रात्रि मैच की पिच को औसत रेटिंग दी है। इससे यह पिच प्रतिबंधित होने से बच गई क्योंकि इस विवादास्पद सतह पर खेल दो दिन में ही समाप्त हो गया था। आईसीसी ने अपने 'नियम और दिशा-निर्देश' पेज पर सभी हालिया मैचों की रेटिंग अपडेट की है।
तीसरे टेस्ट के लिए मोटेरा की पिच को 'औसत' जबकि अंतिम टेस्ट के लिए इसे 'अच्छी' रेटिंग दी है। पहले टी-20 अंतरराष्ट्रीय मैच के लिए इसे 'बहुत अच्छी' रेटिंग दी गई थी। दिलचस्प बात है कि भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच एससीजी पर खेले गए तीसरे टेस्ट की पिच को भी 'औसत' रेटिंग मिली है।
भारत ने इंग्लैंड के खिलाफ गुलाबी गेंद का मैच 10 विकेट से जीता था जिसमें दोनों टीमें टर्निंग पिच पर 150 रन से ज्यादा का स्कोर बनाने में असफल रही थीं। नरेंद्र मोदी स्टेडियम की नई बनी पिच को अगर 'घटिया' पिच करार दिया जाता तो इस पर प्रतिबंध लग सकता था। भारत और इंग्लैंड के बीच चार मैचों की टेस्ट सीरीज में पिच पर काफी विवाद होता रहा, जिसमें विराट कोहली की टीम ने 3-1 से सीरीज जीतकर विश्व टेस्ट चैंपियनशिप के फाइनल के लिए क्वालिफाई किया था।
चेन्नई में खेले गए दूसरे टेस्ट को भी औसत रेटिंग मिली है, जिसमें भारत ने जीत हासिल कर सीरीज बराबर की थी। हालांकि पहले टेस्ट की पिच को 'बहुत अच्छी' रेटिंग दी गई है, जिसमें इंग्लैंड ने जीत दर्ज की थी। आईसीसी को प्रत्येक टेस्ट, वन-डे और टी-20 मैच के लिए पिच और आउटफील्ड के प्रदर्शन पर रेटिंग मिलती है। पिच और आउटफील्ड को मैच के बाद आईसीसी मैच रेफरी द्वारा अंक दिए जाते हैं।
आईसीसी ने कहा, 'रेटिंग से मेजबान सदस्य बोर्ड को फीडबैक दिया जाता है जिससे उसे उस संबंधित स्थल पर अंतरराष्ट्रीय मैचों के लिए भविष्य में पिच और आउटफील्ड तैयार करने में सहायता मिले। घटिया (रद्दी) पिच पर आईसीसी द्वारा प्रतिबंध भी लगाया जा सकता है।'