भारत बनाम ऑस्ट्रेलिया विश्व कप 2023 फाइनल
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भारत और ऑस्ट्रेलिया दोनों बेहद संतुलित टीमें हैं, जो तेजी से रन बटोरने के अलावा गेंदबाजी आक्रमण में भी बेहतरीन करने का दमखम रखती हैं। कहते हैं अच्छी शुरुआत से जीत का आधार तैयार होता है और इस लिहाज से पहले से दस ओवरों का खेल फाइनल में काफी महत्वपूर्ण हो जाएगा।
भारत और ऑस्ट्रेलिया की तुलना
IND vs AUS World Cup Final
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भारत ने पावरप्ले के पहले दस ओवरों में 6.87 की औसत से रन बनाए हैं, जबकि ऑस्ट्रेलिया ने इस दौरान 6.55 प्रति ओवर के हिसाब से रन बटोरे। जहां तक पावरप्ले में रन खर्च करने की बात है तो भारतीय गेंदबाजों ने 4.34 रन प्रति ओवर खर्च किए हैं, जबकि ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाजों का यही अनुपात 4.75 का है। दो बार विजेता रहे भारत को अगर पांच बार के चैंपियन ऑस्ट्रेलिया के मुकाबले प्रबल दावेदार माना जा रहा है तो एक वजह यह भी है।
वॉर्नर-हेड बनाम रोहित-शुभमन
रोहित शर्मा और शुभमन गिल
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इस विश्व कप में डेविड वॉर्नर और ट्रैविस हेड की जोड़ी का औसत 78.9 है, यानी इन दोनों ने औसतन हर मैच में 78.9 रन की साझेदारी की है, जबकि रोहित शर्मा और शुभमन गिल की जोड़ी का औसत 74.7 के करीब है। इन दोनों जोड़ियों ने ये रन तेज गति से बनाए हैं। फाइनल में भी रोहित और शुभमन से भारत को अच्छे शुरुआत की उम्मीद होगी।
विश्व कप 2023 में उच्चतम स्ट्राइक रेट वाली ओपनिंग जोड़ी
(जिनके बीच 200+ रन की साझेदारी हुई हो)
| जोड़ी |
पारी |
रन |
स्ट्राइक रेट |
| डेविड वॉर्नर-ट्रेविस हेड |
5 |
262 |
140 |
| रोहित शर्मा-शुभमन गिल |
8 |
445 |
130 |
| डेविड वॉर्नर-मिचेल मार्श |
5 |
343 |
117 |
स्विंग मिली तो ऑस्ट्रेलियाई पेसर घातक
बेशक ऑस्ट्रेलिया के गेंदबाजों की धार भी पैनी है लेकिन इस विश्व कप में वह शुरुआत में उतने प्रभावशाली साबित नहीं हुए। वह हालात को जरूर भुनाने का फन रखते हैं जैसा उन्होंने सेमीफाइनल में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ 23 रन पर चार विकेट निकाल दिए थे। यदि अहमदाबाद में गेंद को स्विंग नहीं मिली तो खासतौर पर मिचेल स्टार्क बेहद खर्चीले साबित हो सकते हैं और ऐसे में कप्तान पैट कमिंस को पहले गेंद संभालनी पड़ सकती है। जहां तक बात हेजलवुड की है तो वह गेंद की दिशा एवं लंबाई से परेशान कर सकते हैं यदि उन्हें सीम से मदद मिली तो नहीं भूलना चाहिए कि चेन्नई में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ दो रन पर तीन विकेट गंवा दिए थे।
बाएं हाथ के गेंदबाजों पर प्रभावी शमी
स्वप्निल फॉर्म में चल रहे भारतीय तेज गेंदबाज उत्तर प्रदेश के अमरोहा के मोहम्मद शमी ऑस्ट्रेलिया के बाएं हाथ के गेंदबाजों के खिलाफ तुरुप का पत्ता हो सकते हैं। उन्होंने इस विश्व कप में बाएं हाथ के गेंदबाजों के सामने शानदार प्रदर्शन किया है। उन्होंने वामहस्त बल्लेबाजों के खिलाफ 52 गेंद फेंकी है जिसमें 32 रन देते हुए आठ विकेट लिए हैं। वह ऑफ स्टंप के बाहर ट्रेविस हेड की कमजोरी का फायदा उठा सकते हैं। वह राउंड द विकेट गेंदबाजी करते समय ज्यादा घातक हो सकते हैं। वो उस कोण से गेंदबाजी कर सकते हैं जो डेविड वॉर्नर के लिए मुश्किलें पैदा कर सकता है।
रवि शास्त्री ने शुरुआती 10 ओवर को लेकर कही यह बात
रवि शास्त्री और रोहित शर्मा
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फाइनल मुकाबले को लेकर टीम इंडिया के पूर्व रवि शास्त्री ने भी बड़ा बयान दिया। शास्त्री का मानना है कि दोनों पारियों के दौरान शुरुआती 10 ओवर्स काफी महत्वपूर्ण होंगे और यह मैच का फैसला करेगा। उन्होंने एक इंटरव्यू में कहा- मुझे लगता है कि पहले 10 ओवर बहुत महत्वपूर्ण होंगे। रोहित ने शुरुआत में काफी धमाकेदार खेल दिखाया है, जिससे भारत को कुछ बेहतरीन शुरुआत मिली है। उनकी बल्लेबाजी से काफी फर्क पड़ता है। इसी तरह ऑस्ट्रेलिया के पास डेविड वॉर्नर, ट्रेविस हेड और मिचेल मार्श खतरनाक खिलाड़ी हैं।