छात्रसंघ चुनाव के दौरान बांस और पटरा लेकर जुलूस निकालते छात्र।
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शहर के तीन प्रमुख कॉलेजों टाउन महाविद्यालय, कुंवर सिंह कॉलेज और एससी कालेज छात्रसंघ चुनाव में आचार संहिता की जमकर धज्जियां उड़ाई गईं। छिटपुट घटनाओं के बीच संपन्न हुए चुनाव में प्रशासनिक व्यवस्था पूरी तरह लचर रही। सड़कों पर छात्रों ने खूब हुड़दंग किया। हंगामे और पत्थरबाजी में दो छात्र घायल हो गए। जिन्हें अस्पताल पहुंचाया गया।
तीनों कॉलेजों में सुबह नौ बजे से मतदान शुुरू हुआ। मतदान से घंटों पहले ही प्रत्याशी समर्थकों के साथ पहुंच गए थे। मतदान का दौर शुरू होते ही प्रत्याशी व उनके समर्थकों ने वोट मांगना शुु्रू कर दिया। प्रत्याशी व उनके समर्थक हाथ जोड़कर तो कहीं लेटकर वोट मांगते रहे। दोपहर तक चुनाव शबाब पर पहुंच गया और तीनों कॉलेजों के पास भारी भीड़ भी जमा हो गई। आलम यह रहा कि प्रत्याशियों के समर्थकों ने कॉलेज के सामने हैंडबिल उड़ाए गए और हाथों में डंडे और पटरे आदि लेकर नारेबाजी के बीच लिंगदोह कमेटी के नियमों की धज्जियां उड़ाते रहे। जबकि पुलिस मूकदर्शक बनी रही। कॉलेज तक जाने वाले मार्ग और नजदीकी चौराहे पोस्टरों व पम्फलेट से पटे रहे। पुलिस प्रशासन की व्यवस्था महज मतदान केन्द्रों तक सिमटी रही लिहाजा सड़कों पर खूब हुड़दंग होता रहा।
इसके चलते ही सिविल लाइन चौकी के पास टीडी कालेज छात्रों के गुटों के बीच मारपीट हो गई। टीडी कालेज के अध्यक्ष पद के प्रत्याशी चंद्रजीत यादव और यशपाल सिंह के समर्थक सिविल लाइन पुलिस चौकी के सामन प्रत्याशियोंी का टेम्पो हाई कर रहे थे। तभी किसी बात को लेकर वह आपस में भिड़ गए। मामला हाथापाई तक पहुंच गया। इसी बीच किसी छात्र ने ईंट चला दी। जिसमें कोतवाली क्षेत्र के परमंदापुर निवासी शहनवाज हुसैन (25) तथा जगदीशपुर निवासी भानू प्रताप सिंह (23) घायल हो गए। दोनों को पुलिस ने जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां भानू का प्राथमिक उपचार कर चिकित्सकों ने छोड़ दिया। एससी कालेज के पास भी कई बार छात्रों के दो गुटों में झड़प और पत्थरबाजी भी हुई। तीनों कालेज में एकसाथ चुनाव होने के कारण एनएच 31 के साथ ही बलिया-सिकंदरपुर मार्ग पर पूरे दिन जाम लगा रहा। कई मार्गों को पुलिस ने एहतियातन वन-वे कर दिया था जिससे लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा और लोग गलियों आदि से होकर आते-जाते रहे।