टोल पर सब्सिडी समाप्त होने पर जीप संचालकों में रोष
कैबिनेट मंत्री कृष्ण लाल पंवार से मिल लगाऐंगे गुहार
अमर उजाला ब्यूरो
इसराना। पानीपत-रोहतक नेशनल हाइवे पर डाहर टोल पर सरकार द्वारा पर सब्सिडी समाप्त किया जाना पानीपत-गोहाना मार्ग पर चल रही सवारी जीपों संचालकों को रास नहीं आ रहा है। टोल पर सब्सिडी समाप्त करने और टोल की दरों में बढ़ोतरी से सवारी जीप संचालकों और निजी वाहन चालकों में रोष व्याप्त है। सवारी जीप चालकों ने शनिवार को कई घंटे के लिए अपनी जीपें बंद रख जीप चालकों का प्रतिनिधि मंडल इसराना थाना पहुंच कर थाना प्रभारी से मिलकर समाधान निकलवाने की गुहार लगाई। बाद में जीप संचालक डाहर टोल पहुंच कर टोल प्रबंधक से भी मिलने पर संतोष जनक जवाब नहीं मिलने और समाधान न हो पाने पर जीप संचालक अपनी समस्या लेकर रविवार को हल्के के विधायक एंव कैबिनेट मंत्री कृष्ण लाल पंवार से उनके आवास पर मिलेंगे।
जीप संचालक अशोक जवाहरा, विजय मलिक, सुरेश कुमार, प्रदीप मांडी, सुभाष, जोगेंद्र गवालडा, वजीर व रमेश कुमार ने बताया कि टोल पर सरकार द्वारा दी गई सब्सिडी के चलते प्रति माह 665 रूपये का पास बनता था जिसमें दिन भर ज्यादा से ज्यादा चक्कर लगाने की छुट मिली हुई थी। सब्सिडी समाप्त होने के बाद मासिक पास 2600 रूपये में कर दिया गया जिसमें पचास चक्कर लगाने होगें। जीप संचालकों ने अपना दर्द ब्यां करते हुए बताया कि बेरोजगारी के कारण अपना काम चलाने के लिए कर्ज लेकर जीप ली है। जीप की किस्त चुकाने, डीजल, टैक्स और ऊपर से महंगा टोल ने उनके परिवार के लिए रोजी रोटी पर सकंट खड़ा कर दिया है।
इस संदर्भ में डाहर टोल सहायक प्रबंधक दिनेश छौक्कर का कहना है कि सरकार ने सब्सिडी को रिन्यू नहीं की गई है। इस मामले में अपने स्तर पर वे कुछ नहीं कर सकते। जीप संचालक उनसे मिलने आए थे। जीप संचालकों को एक माह में अस्सी चक्कर लगाने की ऐवज में 4160 रुपये का भी आफर दिया था। वे इस पर सहमत नहीं हो पाए। हाई ऑथोरिटी से जो आदेश मिलता है टोल प्रबंधन उसी के तहत काम करता है।