बादली। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, शिक्षा विभाग और सामाजिक संस्थाओं की ओर से बाल विवाह मुक्त जिला बनाने के लिए जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं से अभियान में सहयोग करने की अपील की गई।
सामाजिक कार्यकर्ता नेहा रानी ने कहा कि बाल विवाह से लड़कियों की शिक्षा प्रभावित होती है और उनके शारीरिक, मानसिक व आर्थिक विकास में बाधा आती है। अभियान का उद्देश्य बेटियों का भविष्य सुरक्षित करना है।
सुपरवाइजर अंजू ने कहा कि बाल विवाह और बाल मजदूरी से जुड़े कानूनों के प्रति लोगों को जागरूक करके इन पर रोक लगाई जा सकती है।