उपचार के दौरान लापरवाही से शिशु की मौत होने के आरोप में पुलिस ने सात नामजद डॉक्टरों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है।
बांसखेड़ा खुर्द निवासी अफसाना पत्नी इरफान अली का सोमवार को जसपुर मार्ग पर ढेला नदी पुल से पहले स्थित एक नर्सिंग होम में प्रसव हुआ। बच्चा पैदा होने के कुछ समय बाद बच्चे की मौत हो गई। इस पर लोगों ने डॉक्टरों पर उपचार में लापरवाही का आरोप लगाकर जमकर हंगामा किया।
बड़ी संख्या में लोगों के जमा होने पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर लोगों को शांत किया और पूछताछ के लिए एक महिला एवं एक पुरुष डॉक्टर को थाने ले आई। लोगों के डर से अस्पताल का स्टाफ, डॉक्टर अस्पताल को खुला छोड़कर भाग गए। तब पुलिस ने सुरक्षा की दृष्टि से अस्पताल पर ताला लगा दिया और नवजात शिशु का शव पोस्टमार्टम को भेज दिया।
इरफान अली ने मंगलवार को डॉ. शेर अली, डॉ. समद, डॉ. परवीन, डॉ. ज्योति, डॉ. नौशाद, डॉ. शहजाद, डॉ. रईस के खिलाफ उपचार में लापरवाही करने का आरोप लगाकर पुलिस में तहरीर दी। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर ली है। इरफान ने बताया कि डॉ. रईस ने उसके बच्चे का उपचार किया। उपचार में लापरवाही होने से बच्चे की मौत हो गई। उसने जब ये बात डॉक्टरों से कही तो डॉक्टरों, स्टाफ द्वारा उसे धमकी दी गई। पुलिस ने विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है।