देश भर के सरकारी, प्राइवेट, केंद्रीय विद्यालय और नवोदय स्कूलों में शिक्षक बनने के लिए वांछित सेंट्रल टीचर एलिजिबिलटी टेस्ट (सीटीईटी) पास करने की राह कुछ आसान होने जा रही है।
सीटीईटी के लिए अभ्यर्थियों को अब एक घंटा अधिक समय दिया जाएगा। सीबीएसई ने इस संबंध में आदेश जारी कर दिए हैं। 28 जुलाई को होने वाले सीटीईटी में यह नया नियम लागू होगा।
एनसीईटी के आदेशों पर यह बदलाव किया गया है। 2010 से सीबीएसई की ओर से देश भर में शिक्षक बनने के लिए बीएड के साथ सीटीईटी अनिवार्य योग्यता कर दी गई थी।
इस टेस्ट में सवालों के मुकाबले समय कम होने के कारण अधिकतर अभ्यर्थी पेपर ही पूरा नहीं कर पाते थे। देश भर से 8 लाख युवा इस टेस्ट में शामिल होते हैं।
यह है सीटीईटी का पैटर्न
सीटीईटी पहली से पांचवीं और छठी से आठवीं क्लास के शिक्षक बनने के लिए होता है। इसमें 150 सवालों को हल करने के लिए डेढ़ घंटा मिलता था। समय कम होने के कारण पास प्रतिशत बहुत कम रहता है।
अभी तक हुए सीटीईटी में 5 फीसदी ही पास प्रतिशत रहा है, जबकि नवंबर 2012 में तो सीटीईटी का पास प्रतिशत एक फीसदी से भी कम रहा। अभ्यर्थियों ने समय की कमी को लेकर सीबीएसई की चिट्ठी भी लिखी।
उधर, 9 अप्रैल को एनसीईटी के आदेश पर सीटीईटी के समय में एक घंटे का इजाफा कर दिया गया है। सीटीईटी के डायरेक्टर पीतम सिंह के अनुसार, 28 जुलाई को सीटीईटी का पहला पेपर सुबह 9.30 से 12 बजे और दूसरा पेपर 2 बजे से 4.30 बजे तक होगा।
सीटीईटी में चंडीगढ़ फिसड्डी
एजूकेशन हब कह जाने वाले चंडीगढ़ के युवा सीटीईटी रिजल्ट में फिसड्डी रहे हैं। इसमें देश भर का पास प्रतिशत 3 से 5 फीसदी रहता है, जबकि नवंबर 2012 में चंडीगढ़ का पास प्रतिशत एक फीसदी से भी कम रहा। ट्राइसिटी से 25 हजार युवा सीटीईटी में बैठते हैं।
हरियाणा और पंजाब ने भी घोषित की तिथि
राज्य स्तर पर होने वाले टीईटी की तिथि भी घोषित कर दी गई है। हरियाणा स्कूल शिक्षा बोर्ड की ओर से राज्य में शिक्षक बनने के लिए एचटीईटी अनिवार्य है।
एचटीईटी में 1 जून को लेक्चरर और 2 जून को जेबीटी और टीजीटी के लिए एचटीईटी होगा। उधर पंजाब का पीटीईटी 9 जून को आयोजित किया जाएगा। 17 अप्रैल से 13 मई तक ऑनलाइन आवेदन किया जा सकेगा, जबकि एडमिट कार्ड 27 मई को जारी कर दिए जाएंगे।
सीटीईटी के लिए एक घंटा समय बढ़ाने का सीबीएसई ने अच्छा फैसला लिया है। अब सीटीईटी में पास प्रतिशत बेहतर होगा। पेपर में कम समय के कारण 70 फीसदी स्टूडेंट सिर्फ 2-3 अंकों से सीटीईटी क्लीयर नहीं कर पाते थे।
- आरके महाजन, डायरेक्टर, ब्राइट एकेडमी, सेक्टर-15