01jjrp22- गोच्छी गांव में स्थित जेएलएन में किसान को ढूंढती टीमें। संवाद
बेरी। गांव गोच्छी से गुजर रही जवाहर लाल नेहरू नहर में पैर फिसलने से डूबे किसान पंकज का 36 घंटे बाद भी पता नहीं चल सका। शनिवार को किसान को ढूंढने के लिए एनडीआरएफ व एसडीआरएफ की टीमें देर शाम तक लगी रहीं। उसके बाद अंधेरा होने के कारण सर्च अभियान रोक दिया गया। रविवार को सुबह 7 बजे दोनों टीमें फिर से सर्च अभियान चलाएंगी।
जानकारी के अनुसार गांव गोच्छी निवासी 25 वर्षीय किसान पंकज शुक्रवार को अपनी मां के साथ खेत पर गए थे। इसी दौरान वह हाथ-पैर धोने के लिए नहर के किनारे गए थे। उनका पैर फिसल गया और वह तेज बहाव में बह गए। यह देखकर उसकी मां ने मदद के लिए लोगों को बुलाया। कुछ लोग मौके पर भी आए लेकिन वह नहीं दिखे।
महिला के शव की नहीं हुई पहचान
किसान को ढूंढने के लिए एसडीआरएफ की टीम ने सर्च अभियान के दौरान पीछे से नहर में तैरती हुए एक महिला का शव मिला था। शव को पहचान के लिए झज्जर के शव गृह में रखवाया गया हैं लेकिन अब तक शव की कोई पहचान नहीं हुई।
वर्जन
किसान की तलाश के लिए एनडीआरएफ व एसडीआरएफ की टीमें ने शनिवार को संयुक्त अभियान चलाया गया था। अंधेरा होने के कारण अभियान को अस्थायी रूप से रोकना पड़ा। रविवार को सुबह फिर शुरू किया जाएगा।
जांच अधिकारी, सब इंस्पेक्टर राजेश कुमार, बेरी थाना