पुलिस अधीक्षक आशीष तिवारी ने विंध्याचल के गजिया टोला में चली गोली की घटना में लापरवाही बरतने पर शु्क्रवार को हल्का दरोगा समेत दो पुलिस कर्मियों को निलंबित कर दिया। निलंबित किए गए दोनों पुलिस कर्मी पर आरोप है मामले की शिकायत मिलने के बावजूद इन लोगों ने उसको गंभीरता नहीं लिया। यहीं नहीं घटना की जांच भी नहीं की। जिसके चलते ऐसा घटना घट गई।
गजिया टोला निवासी बन्नन ने कुछ दिनों पूर्व कुछ लोगों के विरुद्घ घर की महिलाओं के साथ छेड़खानी व मारपीट किए जाने का आरोप लगाते हुए लिखित रूप से प्रार्थना पत्र देकर विंध्याचल पुलिस से शिकायत की थी मगर हल्का दरोगा भुआल सिंह व सिपाही रामसिंह ने गंभीरता से नहीं लिया। इसी बीच बबलू व बन्नन के बीच मारपीट हो गई। जिसके बीच बचाव में पहुंची मकबूल की मां को भी बन्नन ने पीट दिया। पूछताछ करने पहुंचे मकबूल को बन्नन ने गोली मारकर हत्या कर दी। मामले की जानकारी होने पर एसपी आशीष तिवारी ने इसे गंभीरता से लिया। कहा कि अगर हल्का दरोगा या सिपाही ने मामले की जांच की थी तो इस मामले में क्या कार्रवाई की गई। कहा कि यहीं नहीं हत्यारोपी के पास असलहा कहा से आया। उन्होंने हल्का दरोगा भुआल सिंह व बीट सिपाही रामसिंह को कार्य में लापरवाही बतरने के आरोप में निलंबित कर दिया।