संवाद न्यूज एजेंसी
झज्जर। शहर में 17 दिन से कूड़ा नहीं उठा है। नगर परिषद के सफाई कर्मचारी मांगों को लेकर हड़ताल पर हैं। इसके बावजूद अधिकारी काॅलोनी में नगर परिषद के कर्मचारी प्रतिदिन सफाई करते हैं।
शहर के मुख्य मार्गों, कॉलोनियों और बाजारों में हर जगह गंदगी फैली है। लोग गंदगी और बदबू से परेशान हैं। कूड़ा न उठने के कारण डंपिंग साइट से कूड़ा अब सड़कों तक पहुंच गया है। इससे पैदल चलना भी मुश्किल हो रहा है। बीकानेर चौक, आंबेडकर चौक, रेवाड़ी रोड और माता गेट जैसे डंपिंग प्वाइंट्स की हालत सबसे खराब है। बारिश के बाद कूड़े से तेज बदबू आ रही है। इससे शहर में बीमारी फैलने का खतरा बढ़ गया है। आम जनता गंदगी के बीच जीने को मजबूर है।
लघु सचिवालय के पीछे बनी ऑफिसर कॉलोनी के हालात शहर से अलग हैं। यहां उपायुक्त, अतिरिक्त उपायुक्त सहित अन्य अधिकारियों के घर हैं। नगर परिषद के नौ स्थायी कर्मचारी प्रतिदिन यहां पूरी सफाई करते हैं। इन कर्मचारियों का काम पूरे शहर की सफाई करना भी है। ऐसे में आम जनता को भेदभाव का सामना करना पड़ रहा है।
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अब कूड़ा जलाने लगे शहरवासी
शहर में लगातार बढ़ती गंदगी के कारण लोग अब कूड़ा जलाने लगे हैं। शाम होते ही मुख्य मार्गों और कॉलोनियों में कूड़ा जलाया जा रहा है। इस कारण पर्यावरण भी प्रदूषित हो रहा है। कूड़ा जलाने से निकलने वाला धुआं स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है। यह स्थिति शहर के नागरिकों के लिए गंभीर चिंता का विषय है।
22jjrp11-आफिसर कालोनी में उपायुक्त निवास के बाहर की गलीबिल्कुल साफ पड़ी नजर आई। संवाद