फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Chandigarh: सेक्टर-11 का पोस्ट ग्रेजुएट गवर्नमेंट कॉलेज... जिसने 159 साल में तय किया लाहौर से चंडीगढ़ का सफर

Sat, 27 May 2023 01:27 PM IST
निवेदिता वर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़

सार

पीजीजीसी-11 कॉलेज शहर का पहला कॉलेज था। शुरुआत में कॉलेज का नाम गवर्नमेंट कॉलेज चंडीगढ़ था। इसके बाद वर्ष 1956 में सेक्टर-16 के वर्तमान गवर्नमेंट मॉडल सीनियर सेंकेडरी स्कूल में लड़कियों के लिए अलग से सेक्शन शुरू किया गया।
विज्ञापन
चंडीगढ़ पोस्ट ग्रेजुएट गवर्नमेंट कॉलेज - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

सेक्टर-11 स्थित पोस्ट ग्रेजुएट गवर्नमेंट कॉलेज के चंडीगढ़ में स्थापना के 70 वर्ष पूरे हो गए हैं। कॉलेज ने अपना सफर गवर्नमेंट कॉलेज-लाहौर (पाकिस्तान) के तौर पर वर्ष 1864 में शुरू किया था, उस दौरान कॉलेज कलकत्ता यूनिवर्सिटी से संबद्ध था। देश आजाद होने के बाद वर्ष 1947 में कॉलेज को लुधियाना में फिर से स्थापित किया गया, जहां से इसे 26 मई, 1953 को चंडीगढ़ में स्थानांतरित कर दिया गया। 

विज्ञापन


चंडीगढ़ में पहले कॉलेज को सेक्टर-10 के तत्कालीन होटल माउंटव्यू में शुरू किया गया था। उसी वर्ष, इसे चंडीगढ़ के सेक्टर-23 में हायर सेकेंडरी स्कूल के भवन में स्थानांतरित कर दिया गया। अंत में, इसे 13 अक्तूबर, 1960 को सेक्टर-11 में अपने वर्तमान के भवन में स्थानांतरित किया गया। ली कार्बूजिए ने वर्तमान भवन को 700 छात्रों के अनुसार किया था डिजाइन

विज्ञापन


कॉलेज का मूल रूप से डिजाइन चंडीगढ़ के डिजाइन के समय ली कार्बूजिए और मैक्सवेल फ्राय की ओर से तैयार किया गया था। उस दौरान दोनों वास्तुविदों ने शुरुआती दौर में कॉलेज भवन को 700 विद्यार्थियों के लिए तैयार किया था। वर्तमान में कॉलेज में पांच हजार से अधिक छात्र पढ़ रहे हैं।



शहर का पहला कॉलेज, कई बार बदला नाम
पीजीजीसी-11 कॉलेज शहर का पहला कॉलेज था। शुरुआत में कॉलेज का नाम गवर्नमेंट कॉलेज चंडीगढ़ था। इसके बाद वर्ष 1956 में सेक्टर-16 के वर्तमान गवर्नमेंट मॉडल सीनियर सेंकेडरी स्कूल में लड़कियों के लिए अलग से सेक्शन शुरू किया गया। इसके बाद वर्ष 1977-78 में कॉलेज का नाम बदलकर गवर्नमेंट कॉलेज फॉर मेन कर दिया गया। इसके बाद वर्ष 1980-81 में कॉलेज का नाम बदलकर गवर्नमेंट कॉलेज कर दिया गया, क्योंकि लड़कियों को भी इसी परिसर में दाखिला दिया गया। इसके बाद वर्ष 2008-2009 में कॉलेज का नाम बदलकर पोस्ट ग्रेजुएट गवर्नमेंट कॉलेज-11 रखा गया, क्योंकि इसमें कई पोस्ट ग्रेजुएट कोर्स भी शुरू किए गए।
विज्ञापन




वर्ष 1958 तक कॉलेज में कोई महिला कर्मचारी नहीं थी
कॉलेज शुरुआत में सिर्फ लड़कों के लिए शुरू किया गया था, लेकिन नए कोर्स शुरू होने के साथ बाद में लड़कियों को दाखिले का मौका दिया गया। वर्ष 1958 तक कॉलेज में शैक्षणिक और गैर-शैक्षणिक स्टाफ में एक भी महिला कर्मचारी नहीं थी। शुरुआत में कॉलेज में सिर्फ विज्ञान विषय पढ़ाया जाता था, लेकिन धीरे-धीरे ह्यूमैनिटिज के कोर्स भी शुरू किए गए। वर्ष 1964-65 में कॉलेज में 484 छात्र विज्ञान और ह्यूमैनिटिज में 404 विद्यार्थी थे।

एलुमनी के साथ किया ऑनलाइन कार्यक्रम
कॉलेज ने स्थापना दिवस के मौके पर शुक्रवार को दिन में केक कटिंग सेरेमनी की। इसके बाद शाम को पूर्व छात्र संघ ने ऑनलाइन एलुमनी के साथ बैठक की, जिसकी अध्यक्षता प्राचार्य डॉ. कपूर ने की। इसके साथ ही कॉलेज ने वेबसाइट www.raavians.org को लांच किया। ऑनलाइन कार्यक्रम में एलुमनी लॉर्ड रामी रेंजर प्रबंध निदेशक, सन मार्क लिमिटेड, संजय टंडन वरिष्ठ भाजपा नेता, आईएएस मनिंदर सिंह बैंस अध्यक्ष, पूर्व छात्र संघ, आईआरएस नवनीत सोनी उपाध्यक्ष, पूर्व छात्र संघ, विनीत नंदा पूर्व छात्र संस्थापक सदस्य और दिल्ली चैप्टर अध्यक्ष, जगवीर मान पूर्व छात्र संस्थापक सदस्य और उपाध्यक्ष और सुखजीत सिंह धीमान पूर्व छात्र संस्थापक सदस्य और महासचिव शामिल रहे।

और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें