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अमृतसर: एक बेटे की थी तमन्ना, गूंजी चार किलकारियां, महिला ने दो लड़कों और दो लड़कियों को दिया जन्म

Thu, 21 Apr 2022 06:22 PM IST
ajay kumar संवाद न्यूज एजेंसी, अमृतसर (पंजाब)

सार

सरबजीत कौर ने बताया कि उसे एक पुत्र की तमन्ना थी तो सच्चे पातशाह ने दो लड़कियां और दो लड़के देकर पूरी कर दी।
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
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अमृतसर में सरकारी मेडिकल कॉलेज से जुड़े गुरु नानक देव अस्पताल स्थित बेबे नानकी जच्चा-बच्चा वार्ड में एक महिला ने चार बच्चों को जन्म दिया है। यह पहली बार है जब अमृतसर में किसी महिला ने चार बच्चों को जन्म दिया है। बच्चों में दो लड़कियां और दो लड़के हैं। बच्चों का जन्म समय से पहले हुआ। यही वजह है कि उनका औसतन भार काफी कम है। डॉक्टरों ने इनमें दो बच्चों को तो आईसीयू में और दो बच्चों को फोटोथेरिपी मशीन में रखा है। 

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अस्पताल से मिली जानकारी के मुताबिक कोट खालसा की रहने वाली सरबजीत कौर को प्रसव पीड़ा होने पर परिजनों ने गुरु नानक देव अस्पातल के बेबे नानकी वार्ड में दाखिल करवाया। महिला की गंभीर हालत को देखते डॉक्टरों ने मंगलवार रात को उसकी डिलीवरी करवाई। महिला ने चार बच्चों (दो लड़की और दो लड़के) को जन्म दिया। इसका पता चलते ही वार्ड में मौजूद महिला के पति प्रगट सिंह और सास परमजीत कौर ने वहां मिठाई बंटवा दी और बच्चों के जल्द स्वस्थ होने को लेकर वाहेगुरु से अरदास की। बता दें कि महिला की पहले ही एक बेटी है।

अस्पताल प्रबंधन के मुताबिक चारों बच्चे काफी कमजोर हैं। दो बच्चों को अस्पताल के आईसीयू में और दो को फोटोथेरिपी मशीन में रखा गया है। चार बच्चों को जन्म देने के बाद सरबजीत कौर एक तरफ जहां खुशी से फूली नहीं समा रहीं तो वहीं दूसरी तरफ उनके पालन पोषण को लेकर भी वह चिंतित दिखीं। 
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सरबजीत कौर ने बताया कि उसे एक पुत्र की तमन्ना थी तो सच्चे पातशाह ने दो लड़कियां और दो लड़के देकर पूरी कर दी। वहीं महिला का इलाज कर रहीं डॉक्टर अश्विनी सरीन ने बताया कि वह यहां पांच साल से तैनात हैं। पहली बार है कि किसी महिला ने चार बच्चों को जन्म दिया है। कुछ समय पहले इसी अस्पताल में एक महिला ने तीन बच्चों को जन्म दिया था। डॉक्टर सरीन ने बताया कि बच्चों की देखभाल के लिए अलग-अलग चार टीमें बनाई गई हैं, जो लगातार बच्चों का ध्यान रख रहीं हैं। बच्चों और उनकी मां को अस्पताल में विशेष मेहमान के तौर पर देखा जा रहा है। 
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