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अंबाला कैंटः तेपला का लाल देश की सेवा करते हुए शहीद, जनवरी में हुई थी शादी

Wed, 08 Aug 2018 09:43 AM IST
आलोक सिंह रघुवंशी, अमर उजाला, अंबाला कैंट (हरियाणा)
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शहीद विक्रमजीत सिंह
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मंगलवार सुबह नौ बजे। तेपला गांव के बलजीत सिंह के पास जम्मू कश्मीर के गुरेज सेक्टर के 36 आरआर यूनिट से फोन आता है कि आपका बेटा विक्रमजीत सिंह (26 वर्ष) देश की सेवा करते हुए शहीद हो गए हैं। अचानक यह खबर सुन हंसता-खेलता परिवार गम में डूब गया। छह माह की गर्भवती पत्नी हरप्रीत कौर और मां कमलेश कौर का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। वहीं पिता ने कहा कि बेटे की शहादत पर गर्व है।
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देश सेवा से गौरवान्वित करने वाले अंबाला जिले के एक और जवान विक्रमजीत सिंह उर्फ सोनी शहीद हो गए। वह वर्ष 2013 में सेना में लांस नायक के पद पर भर्ती हुए थे। पहली पोस्टिंग फिरोजपुर में हुई थी। करीब डेढ़ साल पहले उनका तबादला जम्मू कश्मीर में हो गया। परिवार में उनका भाई मोनू सिंह (22 वर्ष) भी सेना में गुवाहाटी में तैनात है, वहीं दादा करतार सिंह सेना से ही पैराकमांडो से रिटायर्ड हुए थे।

जनवरी में हुई थी शादी, तीन माह बाद घर में गूंजने वाली है किलकारी
विक्रमजीत उर्फ सोनी की इसी साल 15 जनवरी को यमुनानगर जिले के पामनीपुर गांव की हरप्रीत कौर से शादी हुई थी। छुट्टी मनाने के बाद वह 24 मार्च को ड्यूटी के लिए रवाना हो गया। पत्नी छह माह की गर्भवती है और तीन माह बाद घर में बच्चे की किलकारी गूंजने वाली है। पत्नी की सोमवार दोपहर 12 बजे अंतिम बार फोन पर बात हुई थी। उन्होंने बताया कि वह डिलीवरी से पहले यानी दो माह बाद छुट्टी पर आएगा।
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गांव से दो जवान पहले हो चुके हैं शहीद, एक की ड्यूटी के दौरान हुई थी मौत 
तेपला गांव की माटी में सैनिक बनने का जज्बा है। करीब 250 घरों में सेना के जवान भर्ती हैं। इससे पहले भी गांव के ही दो जवान कारगिल युद्ध के दौरान मेजर गुरप्रीत सिंह और वर्ष 2005 में जम्मू-कश्मीर में आतंकियों से लोहा लेते हुए हरजिंदर सिंह शहीद हो गए थे। वहीं अरुणाचल प्रदेश में ड्यूटी के दौरान पहाड़ से पैर फिसलने पर विनोद सिंह की मौत हो गई थी।
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