एडवाइजर मनोज परिदा ने बताया कि अनलॉक-1 के दिशा-निर्देशों के तहत शहर के कंटेनमेंट जोन में लोगों को किस तरह की रियायतें दी जा सकती हैं, इस पर विचार किया जाएगा। कंटेनमेंट जोन के लिए केंद्र सरकार के स्वास्थ्य मंत्रालय की तरफ से भी दिशा निर्देश आने बाकी हैं। हालांकि, परिदा ने बताया कि बापूधाम के उन हिस्सों को 4 जून के बाद कुछ छूट दी जा सकती है, जिनमें कोरोना का कोई भी मामला सामने नहीं आया है, लेकिन इस पर आखिरी फैसला बफर जोन के 28 दिन बाद एक रिव्यू मीटिंग में किया जाएगा। कंटेनमेंट जोन में सख्ती को 30 जून तक बढ़ा दी गई है। इन इलाकों में सिर्फ जरूरी सेवाओं की ही इजाजत होगी। पहले की तरह ही लोगों की आवाजाही पर बैन रहेगा।
अनलॉक-1 में क्या खुला
- 8 जून से सभी धार्मिक स्थल खुल जाएंगे
- शॉपिंग मॉल, होटल, रेस्टोरेंट्स भी खुलेंगे
- रात के कर्फ्यू में भी ढील बरती गई है
- अब रात 9 बजे से सुबह 5 बजे तक कर्फ्यू रहेगा। पहले शाम 7 बजे से सुबह 7 बजे तक का समय था
- बापूधाम के कुछ पॉकेट में छूट दी जा सकती है
अनलॉक-1 में क्या बंद रहेगा
- स्कूल, कॉलेज, ट्रेनिंग, कोचिंग इंस्टीट्यूट बंद
- अंतरराष्ट्रीय उड़ानें बंद
- सभी कम्युनिटी सेंटर, सिनेमा हॉल, जिम और बार बंद रहेंगे
- स्वीमिंग पूल, एंटरटेनमेंट पार्क, थियेटर, ऑडिटोरियम, असेंबली हॉल बंद
- राजनीतिक, धार्मिक, सांस्कृतिक, सामाजिक कार्यक्त्रस्मों और जमावड़ों पर रोक
- पब्लिक प्लेस पर शराब, पान गुटका, तंबाकू इत्यादि का उपभोग बंद
- 10 साल से छोटे बच्चे, गर्भवती महिला व 65 साल से ऊपर के बुजुर्गों के बाहर निकलने पर रोक
- शादी में 50 और संस्कार में 20 से ज्यादा लोग नहीं
- सार्वजनिक स्थानों, परिवहन और दफ्तरों में मास्क पहनना होगा अनिवार्य
- हर व्यक्ति को सार्वजनिक स्थानों पर छह फुट (दो गज) की दूरी बनानी होगी
- -दुकानों में सामाजिक दूरी का पालन करना होगा, एक बार में पांच से अधिक लोग खड़े नहीं रह पाएंगे
- सार्वजनिक स्थान पर थूकना जुर्माने के साथ दंडनीय अपराध होगा
- सार्वजनिक स्थानों पर शराब, पान, गुटखा तंबाकू का सेवन प्रतिबंधित रहेगा
कंटेनमेंट जोन में नहीं मिलेगी अधिक छूट, जारी रहेगा लॉकडाउन
- लॉकडाउन के पांचवें चरण में कंटेनमेंट जोन में 30 जून तक जारी रहेगी सख्ती
- कंटेनमेंट जोन में सिर्फ जरूरी सेवाओं की ही इजाजत होगी
- यहां लोगों की आवाजाही पर जारी रहेगा पहले की तरह प्रतिबंध
- इस जोन में कॉन्टेक्ट ट्रेसिंग और घर-घर की जांच होगी
- कंटेनमेंट जोन के बाहर बफर जोन बनाए जा सकते हैं, जहां प्रशासन अपने अनुसार पाबंदियां लगा सकता है
अनलॉक1.0 में जो छूट मिल रही हैं, वह निश्चित रूप से जरूरी हैं। लेकिन अब लोगों को यह समझना होगा कि इसका गलत फायदा न उठाएं। सार्वजनिक स्थानों पर भीड़ से बचें। मास्क और सैनिटाइजर हमेशा साथ रखें। - प्रो. जेएस सहरावत, एंथ्रोपोलॉजी विभाग पीयू
धीरे-धीरे लॉकडाउन में छूट दी जा रही है। शिक्षण संस्थानों के लिए भी अब बेहतर रास्ते निकालने होंगे ताकि पढ़ाई और परीक्षाएं आदि भी समय पर हों। सरकार ने बेहतर नीतियां बनाई हैं। करोड़ों रुपये का फंड भी जारी किया है। - हरीश गुर्जर, अध्यक्ष, एबीवीपी
मंदिर मन के अंदर होता है इसलिए इंसान को बाहर जाने की आवश्यकता नहीं है। मंदिर- मस्जिद और गुरुद्वारे में जाने से भीड़ जमा होगी और इससे कोरोना और बढ़ेगा। इसलिए लोगों को घर पर ही पूजा अर्चना करनी चाहिए। - स्वदेश तलवार, आरडब्ल्यूए प्रेजिडेंट सेक्टर 44
कोरोना के मामले दिन प्रतिदिन बढ़ रहे हैं। ऐसे में धार्मिक स्थल खोलना खतरे से खाली नहीं है। इस समय मॉल खोलने की आवश्यता नहीं है, क्योंकि लोगों की जरूरतें सेक्टर मार्किट से पूरी हो रही हैं। होटल और रेस्टोरेंट खुलने से और भी परेशानी बढ़ सकती है। इसलिए फैसले पर दोबारा विचार करना चाहिए। -एडवोकेट रोशनी, जिला अदालत
धार्मिक स्थान का खुलना मानसिक शांति देगा लेकिन यदि लोगों ने सामाजिक दूरी का ध्यान नहीं रखा तो स्थिति और बिगड़ सकती है। रात को बंद की बात समझ से परे है। क्या कोरोना रात को ही शहर में प्रवेश करेगा। जब दिन में सब खुल रहा है तो रात को बंद का कोई मतलब नहीं रह जाता। - नेहा अरोड़ा, प्रेजिडेंट आरडब्ल्यूए 38 वेस्ट