केंद्रीय जीएसटी विभाग ने मंडी गोबिंदगढ़ में करीब 350 करोड़ के फर्जी बिलों के घपले के संबंध में किंग पिन समेत उसके दो बेटों को गिरफ्तार किया था। शुक्रवार को गोरखधंधे से जुड़े दो और लोगों को गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों की पहचान अभिषेक मोदगिल और साहिल शर्मा के तौर पर हुई है। जिला फतेहगढ़ साहिब की एईटीसी सुनीता बत्रा ने बताया कि आज राज्य जीएसटी विभाग और फतेहगढ़ साहिब की टीम ने बिना ई-वेबिलों से लोहा स्क्रैप वाले 24 वाहनों को दो दिनों में काबू किया है।
आज काबू किए गए लोगों पर फर्जी बिल जारी करने का दोष है। पहले की गई पड़ताल में यह बात सामने आई थी कि कई फर्मों की तरफ से मिलकर फर्जी बिल जारी कर अलग-अलग लोहा फर्मों को फर्जी इनपुट टैक्स क्रेडिट पास किया गया था।
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इस बारे एईटीसी सुनीता बत्रा ने बताया कि अभिषेक मोदगिल चार फर्मों एएम इंटरप्राइजेज मंडी गोबिंदगढ़, एमपीएस इंटरप्राइजेज, महादेव मैटल्स चंडीगढ़ और मनी महेश अलॉयज पंचकूला का प्रोप्राइटर है। साहिल शर्मा, साहिल इंटरप्राइजेज का प्रोप्राइटर है और एएस इंटरप्राइजेज में हिस्सेदार है।
गत 12 जून की सुबह केंद्रीय जीएसटी विभाग ने विभिन्न जगहों पर छापेमारी कर करीब 47 करोड़ रुपये की जीएसटी चोरी करने वाले किंग पिन गंगा राम समेत उसके दो बेटों समेत गिरफ्तार किया था। यह छापेमारी एडिशनल कमिश्नर इनवेस्टिगेशन शौकत अहमद के नेतृत्व में की गई, जिसमें लुधियाना-जालंधर जीएसटी विभाग की मोबाइल विंग टीमों ने शहर में जीएसटी चोरी करने वाले पांच लोगों के विभिन्न ठिकानों पर छापेमारी की, जिसमें दो लोग फरार हो गए थे। आरोपियों की पहचान गंगा राम तथा उसके दो बेटों अमित तथा विशेष निवासी अमलोह जिला फतेहगढ़ साहिब के तौर पर हुई थी।