चंडीगढ़ ग्रुप ऑफ कॉलेज झंजेड़ी ने राष्ट्रीय गर्ल चाइल्ड डे के मौके उन महिलाओं को सम्मानित किया, जिन्होंने अपनी निशक्कतता, समाज के विरोध या अन्य बुरे हालात में हिम्मत न हारते हुए मंजिल हासिल की।
समागम में राष्ट्रीय डाक सेवा की डायरेक्टर आईएएस मनीषा बंसल बादल, नृत्यांगना शुभरीत कौर घुम्मण और मशहूर आरजे मीनाक्षी को सम्मानित किया गया। सीजीसी के डायरेक्टर जरनल डॉ. जेडी बंसल ने इन हस्तियों का अभिनंदन करते हुए छात्रों को उनकी उपलब्धियों के बारे में बताया।
आईएएस मनीषा बंसल ने बच्चों को अपने जीवन के संघर्ष के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि स्कूल में टापर होने के बावजूद निशक्कतता के कारण उन्हें कालेज में दाखिला लेने में बहुत मुश्किल आई। आईएएस एकेडमी में जाने के लिए भी उन्हें कई दिक्कतों का सामना करना पड़ा। लेकिन, आज वे अपनी मेहनत और दृढ़ संकल्प के चलते राष्ट्रीय डाक सेवा के डायरेक्टर के पद पर कार्यरत हैं।
नृत्यांगना शुभरीत कौर ने बताया कि उनकी टांग काटे जाने के बाद उन्होंने अपने दृढ़ निश्चय और सख्त मेहनत के बल पर अपनी कमजोरियों को अपनी ताकत बनाया। राष्ट्रीय स्तर के डांस मुकाबले में देश भर में पहला स्थान हासिल किया। मशहूर आरजे मीनाक्षी ने बताया कि उनका जन्म हरियाणा के ग्रामीण परिवार में होने के कारण उनकी दादी की सोच ने उन्हें लड़का और लड़की के फर्क का अहसास दिलाया।
लेकिन, राष्ट्रीय स्तर का सम्मान प्राप्त करने पर उनकी दादी ने गले लगाकर अपनी गलती का अहसास किया। सीजीसी के प्रेसिडेंट रशपाल सिंह धालीवाल ने कहा कि आज के दौर में लड़कियों को शिक्षा, कॅरिअर की सोच सहित और कई बातों के लिए अपने माता-पिता की सोच पर निर्भर रहना पड़ता है।
इसलिए समाज में आज भी लड़कियों की आजादी और उन्हें अपनी सोच के अनुसार जीवन व्यतीत करने का अवसर देना जरूरी है। कालेज मैनेजमेंट इन हस्तियों को स्मृति चिह्न और शाल देकर सम्मानित किया।