चंडीगढ़। सेक्टर-35 स्थित पंजाब निगम भवन में शनिवार को चंडीगढ़ म्यूजिक और फिल्म फेस्टिवल का समापन हुआ। इस मौके पर फिल्म द कश्मीर फाइल्स की टीम लोगों से रूबरू हुई। फिल्म के निर्देशक विवेक अग्निहोत्री ने कहा कि हमारे मन में सवाल होता है कि हॉलीवुड फिल्में अच्छी होती हैं और बॉलीवुड उतनी बेहतर नहीं होती। इसका मुख्य कारण है कि हॉलीवुड में पायरेसी का खतरा नहीं है जबकि हमारे यहां पायरेसी फिल्म देखने की जैसे आदत हो गई है।
विवेक अग्निहोत्री ने कहा कि हॉलीवुड फिल्मों में लीक होने का खतरा बिल्कुल नहीं है। हमारे यहां लोग अलग-अलग तरीके से फिल्में पायराइटेड फिल्में डाउनलोड करके देखते हैं। मेरा सभी अभिभावकों से आग्रह है कि अपने बच्चों को ऐसा करने से रोकें। जब लोग फिल्म देखने जाएंगे तो निर्माताओं व निर्देशकों के दिमाग में भी नए-नए विचार आएंगे। आप लोग जब सिनेमा घरों में द कश्मीर फाइल्स को देखने जाएंगे तो हम अगली फिल्म द दिल्ली फाइल्स पर काम शुरू कर देंगे। मैंने और पल्लवी ने वादा किया है कि हम देश को बेहतर और सही तथ्य प्रस्तुत करेंगे। इसलिए सभी से फिल्मों को बढ़ावा देने के लिए अपील कर रहे हैं। इस दौरान बीएन शर्मा, बैवि चहल, अशोक पंजाब और अखिलेंद्र मिश्रा ने भी अपनी बात मंच से रखी।
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फिल्मों से बढ़ता है शहर का पर्यटन : पल्लवी जोशी
फिल्म अभिनेत्री पल्लवी जोशी ने कहा कि फिल्म फेस्टिवल की शुरुआत दुनिया में इसलिए की गई क्योंकि इससे शहर और राज्य के पर्यटन को बढ़ाया मिले। फिल्में देखने के बहाने लोग आएंगे तो शहर में भी घूमेंगे। पर्यटन को बढ़ावा देने में फिल्मों का बढ़ा योगदान है। चंडीगढ़ प्यारा शहर है और यहां आना अच्छा लगता है। लेकिन इस बार एक विशेष कारण से यहां आने का बहाना मिला है। ऐसे फेस्टिवल देश के हर छोटे-छोटे शहरों में आयोजित होने चाहिए ताकि हमें देश-दुनिया देखने का मौका मिले।