हरियाणा विधानसभा के विशेष सत्र मे एसवाईएल पर तीनों लाल (बंसीलाल, देवीलाल, भजनलाल) के राजनीतिक वारिसों में श्रेय लेने की होड़ दिखी। उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला व विधायक अभय चौटाला ने पूर्व उपप्रधानमंत्री देवीलाल, कांग्रेस विधायक किरण चौधरी ने अपने ससुर पूर्व सीएम बंसीलाल और कुलदीप बिश्नोई ने अपने सीएम पिता भजनलाल के समय एसवाईएल को लेकर हुई प्रगति का सदन में बखूबी जिक्र किया।
दुष्यंत ने कहा कि चौ. देवीलाल के कार्यकाल में बीआरओ के माध्यम से एसवाईएल का निर्माण कार्य शुरू हुआ था। आज केंद्र सरकार भी इसी तरह नहर का निर्माण करवाकर हरियाणा को उसके हिस्से का पानी दिलाए। अभय ने कहा कि बंसीलाल ने मुख्यमंत्री रहते 19 दिसंबर 1991 में सदन में कहा था कि उनकी देवीलाल या उनकी पार्टी से कोई मोहब्बत नहीं है लेकिन एसवाईएल पर सबसे ज्यादा कार्य देवीलाल के समय 1987 के बाद की सरकार ने किया।
कुलदीप बिश्नोई ने कहा कि भजनलाल के समय 1982 से 86 के समय एसवाईएल का निर्माण कार्य ठीक से चला। आतंकवाद बढ़ने के कारण काम रुक गया, उसके बाद वह शुरू नहीं हो पाया। इसमें हम सब की गलती है कि काम शुरू नहीं करवा पाए। पंजाब में आप ने कॉमेडियन सीएम बना दिया है। वह आदतन शराबी हैं, उनकी बात को गंभीरता से नहीं ले सकते।
चंडीगढ़ व अन्य विवादित मुद्दों पर सीएम साहब आप आगे बढ़ें, 90 विधायक आपके साथ राष्ट्रपति व प्रधानमंत्री के पास चलने को तैयार हैं। किरण चौधरी ने कहा कि बंसीलाल का एसवाईएल नहर निर्माण व फैसलों को लेकर अहम योगदान रहा है। उसे हम नहीं भुला सकते। वर्तमान में चंडीगढ़, एसवाईएल व अन्य मुद्दों पर हमें आक्रामक होने की जरूरत है।
अब हमें भी आंखें दिखानी होंगी। प्रधानमंत्री से मिलने के लिए सीएम समय लें, सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल जाने को तैयार है। मुख्यमंत्री मनोहर लाल और नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र हुड्डा भी पीछे नहीं रहे। हुड्डा ने अपने दस साल और मनोहर ने अपने सात साल में एसवाईएल को लेकर सुप्रीम कोर्ट में व राजनीतिक स्तर पर लड़ी गई लड़ाइयों का विस्तार से जिक्र किया।