सिरसा डेरा रेप केस में एक बार फिर से बचाव पक्ष की गवाहियां शुरू हुईं। इसमें शनिवार को रेप पीड़िता के रिश्तेदार ने कोर्ट में बयान दर्ज कराए और डेरा प्रमुख के हक में गवाही दी।
उन्होंने कोर्ट में कहा कि वह 2007 और 2011 में शिकायतकर्ता से मिला था, लेकिन उसने रेप जैसी कोई बात उसे नहीं बताई। बल्कि उसने तो डेरा प्रमुख और खुद के रिश्ते को पिता-पुत्री जैसा बताया था।
बता दें कि कुल 19 गवाहों को कोर्ट ने बुलाया था, जिसमें से 10 को एग्जामिन किया जाना था। इन दस में से तीन की मौत हो चुकी है, तीन आए नहीं और तीन को एग्जामिन नहीं किया जा सका।
बता दें कि 2002 में प्रधानमंत्री व चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया को अज्ञात पत्र भेजे गए थे। इसमें सिरसा डेरे में डेरा प्रमुख पर महिलाओं के यौन शोषण के आरोप लगे थे। मामले की जांच सीबीआई ने की थी।