कैप्टन अमरिंदर सिंह ने शिअद के अल्टीमेटम पर पलटवार करते हुए कहा कि शिअद प्रधान किसानों के साथ धोखा कर अल्टीमेटम का अधिकार खो चुके हैं। अब वह हताशा में ऐसे बयान दे रहे हैं। कैप्टन ने कहा कि किसान समुदाय को अपनी लड़ाई लड़ने के लिए अकालियों की आवश्यकता नहीं है। पंजाब सरकार किसानों के साथ हमेशा खड़ी है।
स्वामीनाथन फॉर्मूले पर शिअद प्रधान की मांग पर कैप्टन ने सवाल खड़े करते हुए कहा कि मंत्री रहते हुए हरसिमरत ने कितनी बार केंद्रीय मंत्रिमंडल में स्वामीनाथन कमेटी को लेकर चर्चा की। साथ ही आखिरी बार सुखबीर ने स्वामीनाथन फॉर्मूला कब याद किया था। कैप्टन अमरिंदर ने कथित छात्रवृत्ति घोटाले में मंत्री साधु सिंह धर्मसोत को बर्खास्त करने के शिअद के अल्टीमेटम को भी खारिज कर दिया। जिसमें तीन आईएएस अधिकारियों और यहां तक कि मुख्य सचिव की एक समिति ने उन्हें क्लीन चिट दी थी। करतारपुर कॉरिडोर को लेकर मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार भी कॉरिडोर के खोलने के पक्ष में है लेकिन सुरक्षा कारणों और कोविड की स्थिति के आकलन के आधार पर निर्णय लेना केंद्र सरकार पर छोड़ दिया है।