चंडीगढ़ पीजीआई में सीनियर डॉक्टर की प्रताड़ना से परेशान होकर रेजिडेंट डॉक्टर द्वारा आत्महत्या की कोशिश करने का मामला सामने आया है। घटना के बाद पीजीआई प्रशासन ने आनन-फानन माता-पिता को बुलाकर रेजिडेंट डॉक्टर को गुपचुप तरीके से घर भेज दिया। बताया जा रहा है कि पीड़ित डॉक्टर हरियाणा का रहने वाला है।
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घटना मंगलवार की सुबह 10 से 11 बजे के बीच की है। आत्महत्या की कोशिश करने वाले डॉक्टर हैपेटॉलजी विभाग के सीनियर रेजिडेंट बताए जा रहे हैं। उनके सहयोगियों से मिली जानकारी के अनुसार, राउंड के दौरान सीनियर द्वारा लगातार प्रताड़ित किए जाने से दुखी होकर डॉक्टर ने आत्महत्या की कोशिश की। घटना पर फिलहाल पीजीआई प्रशासन मौन है, लेकिन पीजीआई में चर्चाओं का दौर काफी तेज रहा।
संस्थान के रेजिडेंट डॉक्टरों ने बताया कि सीनियर द्वारा प्रताड़ित किए जाने के मामले को लेकर उन्होंने पीजीआई प्रशासन में शिकायत दर्ज कराई, जिस पर संबंधित विभाग के वरिष्ठ ने भविष्य में ऐसी घटना दोबारा न होने का आश्वासन दिया।
पहले भी आ चुके हैं ऐसे मामले
गौरतलब है कि संस्थान में सीनियर द्वारा ड्यूटी और अन्य चीजों को लेकर समय-समय पर रेजिडेंट डॉक्टरों को परेशान करने के मामले सामने आते रहे हैं। पिछले दो वर्षों में ऐसी घटनाओं पर गौर करें तो सीनियरों से परेशान होकर कई रेजिडेंट डॉक्टरों ने संस्थान से इस्तीफा दे दिया है। वहीं, उनके मामलों में गठित जांच कमेटी भी निष्कर्ष तक नहीं पहुंच पाई है।
- 04 अक्टूबर 2022 को हेमेटोलॉजी विभाग के सीनियर रेजिडेंट (तीसरे सेमेस्टर) ने आधी रात को साड़ी से घर में फंदा लगाकर आत्महत्या की कोशिश की थी। हालांकि इस मामले में भी सीनियर द्वारा प्रताड़ित करने की चर्चाएं खूब चली थीं।
- अप्रैल 2021 में पीजीआई के पल्मोनरी विभाग के सीनियर रेजिडेंट ने काम के दबाव और रेजिडेंट पर प्रताड़ना का आरोप लगाकर इस्तीफा दे दिया था।
- 06 अगस्त 2021 को पीजीआई के पल्मोनरी विभाग की ही एक सीनियर रेजिडेंट ने अपने सीनियरों पर मानसिक शोषण का आरोप लगाते हुए संस्थान से इस्तीफा दिया था।
- 17 नवंबर 2021 को एक सीनियर रेजिडेंट ने पीजीआई में आत्महत्या का प्रयास किया था।
- 2 सितंबर 2016 में न्यूक्लियर मेडिकल विभाग में तैनात रेजिडेंट डॉक्टर ने हॉस्टल में ही फांसी लगाकर जान दे दी थी।
ऑफिशियल काम से मैं चंडीगढ़ से बाहर हूं, इस मामले से जुड़े जानकारी वापस लौटकर दे पाऊंगा।
-कुमार गौरव, डीडीए व प्रवक्ता, पीजीआई