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पंजाब पंचायत चुनाव: सरकार को हाई कोर्ट से राहत, 1000 से अधिक याचिकाएं खारिज, 270 पंचायत चुनाव पर रोक भी हटी

Mon, 14 Oct 2024 07:35 PM IST
अंकेश ठाकुर न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़

सार

15 अक्तूबर को पंजाब में पंचायत चुनाव हो रहे हैं। इससे एक दिन पहले पंजाब हरियाणा हाईकोर्ट ने सरकार को राहत देते हुए चुनाव के खिलाफ दायर 1000 से अधिक याचिकाओं को खारिज करते हुए मतदान का रास्ता साफ कर दिया है।
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पंजाब हरियाणा हाईकोर्ट - फोटो : संवाद
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विस्तार
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पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट से पंजाब सरकार को बड़ी राहत मिली है। उच्च न्यायालय ने वार्डबंदी, एक ही परिवार वोट अलग-अलग वार्ड में बनने व एनओसी के विषय पर दायर लगभग एक हजार से अधिक याचिकाओं को खारिज कर पंजाब में पंचायत चुनाव का रास्ता साफ कर दिया है। साथ ही गत सप्ताह 270 पंचायतों के चुनाव पर लगाई गई रोक हटा दी है। हालांकि कोर्ट ने कुछ याचिकाओं में चुनाव की वीडियोग्राफी की मांग को स्वीकार कर लिया है।

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विभिन्न आरोपों के साथ सोमवार को करीब आठ सौ याचिकां हाईकोर्ट के सामने सुनवाई के लिए पहुंची थी। इस बीच सरकार ने कोर्ट से उन सभी याचिका पर भी सुनवाई करने केल लिए कोर्ट से आग्रह किया कि जिन पंचायतों के चुनाव पर गत सप्ताह हाईकोर्ट ने रोक लगा दी थी। पंजाब सरकार के आग्रह पर कोर्ट ने सभी याचिका पर एक साथ साथ अलग अलग विषय पर सुनवाई शुरू की, जिसमें वार्डबंदी, नामांकन खारिज करने, वीडियोग्राफी व अन्य पर विषय शामिल हैं। कोर्ट ने वीडियोग्राफी की मांग की याचिका को छोड़कर सभी याचिका खारिज कर दी। 

कोर्ट ने याचिकाओं की मेंटेनबलीटी पर सुनवाई करते हुए कहा कि राज्य चुनाव आयोग एक स्वतंत्र आयोग है वो सभी तरह के मुद्दों को निपटने में सक्षम है। याची पक्षों की तरफ से कोर्ट से आग्रह किया गया कि कोर्ट इस मामले में हस्तक्षेप कर सकता है क्योंकि चुनाव में नियमों को ताक पर रखा गया है। जबकि सरकार की तरफ से कहा गया कि चुनाव प्रक्रिया के बीच में हाईकोर्ट हस्तक्षेप नहीं कर सकता है, इसलिए सभी याचिका मेंटेनेबल नहीं है। 
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याची पक्ष की तरफ से चंडीगढ़ मेयर के चुनाव का हवाला देकर कहा गया कि चुनाव के बाद भी सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में हस्तक्षेप करते हुए फैसला दिया था। सभी पक्षों को को सुनने के बाद कोर्ट ने याचिकाओं को खारिज कर दिया। हालांकि हाईकोर्ट का विस्तृत आना बाकी है। उसके बाद ही स्पष्ट हो पाएगा कि कोर्ट ने किस आधार पर याचिकाओं को खारिज किया। 

अवकाशकालीन बेंच ने माना था कि पंजाब में पंचायत चुनावों में बड़ी संख्या में उम्मीदवारों को नाम वापसी और मतदान की अंतिम तिथि का इंतजार किए बिना सर्वसम्मति से निर्वाचित घोषित करना ''असंवैधानिक'' है। इसके साथ ही 270 पंचायतों के चुनाव पर रोक लगा दी थी। अब हाईकोर्ट ने इन पंचायतों के चुनाव पर लगी रोक भी हटा दी है।

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