खालिस्तान समर्थक अमृतपाल के सहयोगी दलजीत कलसी की अवैध हिरासत के खिलाफ दाखिल याचिका पर सुनवाई के दौरान पंजाब सरकार ने बताया कि उस पर राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (एनएसए) के तहत एफआईआर दर्ज है और इसके बारे में परिवार को जानकारी भी दी गई है। केंद्र सरकार के जवाब देने के लिए समय मांगने पर हाईकोर्ट ने सुनवाई टाल दी।
याचिका दाखिल करते हुए कलसी की पत्नी ने हाईकोर्ट को बताया था कि उसके पति को पुलिस ने अवैध हिरासत में रखा है। उसको हिरासत में लेने के बारे में जानकारी तक परिवार वालों को नहीं दी गई थी। ऐसे में कलसी को कोर्ट में पेश करने का निर्देश जारी करने की अपील की गई थी। सुनवाई के दौरान अमृतसर के एसएसपी ने बताया कि इस मामले में दलजीत समेत अमृतपाल के अन्य सहयोगियों को पुलिस ने हिरासत में लेकर इससे जुड़ा आदेश हिंदी व पंजाबी भाषा में परिवार वालों को भेजा था। इसके खिलाफ उनकी अपील अभी अपीलेट बोर्ड के पास विचाराधीन है।
राष्ट्रीय सुरक्षा कानून के तहत मजिस्ट्रेट ने कलसी समेत अन्य की गिरफ्तारी का आदेश दिया था। कलसी को मजिस्ट्रेट के आदेश पर ही गिरफ्तार कर असम की जेल में भेजा गया है। इसलिए याचिका खारिज की जाए। सुनवाई के दौरान केंद्र सरकार ने इस मामले में जवाब दाखिल करने के लिए समय की मांग की। हाईकोर्ट ने सभी पक्षों को अब 24 अप्रैल तक जवाब दाखिल करने का आदेश दिया है।