लुधियाना के पुलिस आयुक्त की रिपोर्ट के अनुसार टोल प्लाजा लाडोवाल में भारतीय किसान मजदूर यूनियन और अन्य यूनियनों द्वारा टैक्सी यूनियनों, टेंपो यूनियन और ट्रक यूनियन के समर्थन से टोल टैक्स की बढ़ी हुई दर के खिलाफ 16 से 30 जून तक विरोध प्रदर्शन/धरना आयोजित किया गया था। वे दरों को कम करने, बाथरूम बनाने, ड्रेनेज सिस्टम और स्ट्रीट लाइटों की मरम्मत सहित कुछ मांगे उठा रहे हैं।
पंजाब सरकार ने हाईकोर्ट को बताया है कि लुधियाना के लाडोवाल टोल को छोड़कर अन्य किसी भी टोल प्लाजा पर किसान यूनियनों का धरना या प्रदर्शन नहीं है। सभी टोल प्लाजा की सुरक्षा और सुचारु संचालन के लिए पुलिस की तैनाती के साथ-साथ पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था की गई है। लाडोवाल टोल को भी जल्द आरंभ करने का प्रयास किया जा रहा है।
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पंजाब सरकार ने यह जवाब एनएचएआई की याचिका पर सुनवाई के दौरान दिया। गत वर्ष दाखिल याचिका में अर्जी दाखिल करते हुए एनएचएआई ने हाईकोर्ट को बताया कि किसान बार-बार अपनी मांगों को लेकर टोल प्लाजा पर कब्जा कर उन्हें बंद कर रहे हैं।
किसानों के विरोध के कारण वित्तीय नुकसान का दावा करते हुए एनएचएआई ने लाडोवाल टोल प्लाजा समेत अन्य पर सुरक्षा सुनिश्चित करने और नुकसान की भरपाई का पंजाब सरकार को निर्देश देने की मांग की है।
एनएचएआई को 113 करोड़ रुपये का नुकसान
एनएचएआई ने बताया कि टोल बंद होने से उन्हें 113 करोड़ रुपये से भी अधिक का नुकसान हुआ है। याची ने बताया कि इस विरोध प्रदर्शन के चलते हाईवे के रखरखाव में व्यवधान आ रहा है। जो कंपनी टोल टैक्स एकत्रित करने का काम कर रही है उन्हें सुरक्षा मुहैया करवाने का निर्देश जारी करने की याचिका में अपील की गई है। किसानों के हितों को ध्यान में रखते हुए एनएचएआई ने टोल पर ट्रैक्टर-ट्रॉली पहले ही मुफ्त किए हुए हैं, बावजूद इसके किसान टोल टैक्स वसूली रोक रहे हैं।
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लाडोवाल सहित अमृतसर का उसमा, जालंधर का चक्क बहनिया और अंबाला का घग्गर टोल किसानों ने बंद किया है। स्पेशल डीजीपी अर्पित शुक्ला ने अपने हलफनामे में कहा है कि टोल प्लाजा को लेकर जालंधर के एसएसपी व लुधियाना के पुलिस आयुक्त से रिपोर्ट प्राप्त की गई थी। यह बात सामने आई है कि तीन टोल प्लाजा में से दो को स्थानीय प्रशासन के साथ संबंधित जिलों के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों सहित पुलिस विभाग द्वारा किए गए विचार-विमर्श और प्रयासों के बाद चालू कर दिया गया है।
वे यह भी मांग कर रहे हैं कि सरकार के साथ टोल प्लाजा के अनुबंध की सीमा समाप्त हो गई है और जो भी अतिरिक्त पैसा वसूला गया है, उसे सरकार टोल प्लाजा कंपनी से वसूले। शुक्ला ने हाईकोर्ट को बताया कि पंजाब राज्य के टोल प्लाजा पर पांच पंजाबी लड़के/लड़कियों की नियुक्ति की भी मांग की गई है। इस मामले में अगली सुनवाई 13 सितंबर को होगी।