सितंबर में तत्कालीन मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह के साथ राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की दोनों राज्यों के बीच पानी विवाद को लेकर एक बैठक हुई थी। जिसमें दोनों मुख्यमंत्रियों के बीच कॉमन कैरियर सरहिंद फीडर की मरम्मत के लिए सहमति बनी थी। फीडर के क्षतिग्रस्त 55 किलोमीटर के क्षेत्र की मरम्मत के कार्य को लेकर निविदाएं आमंत्रित करने पर कैप्टन ने सहमति जताई थी।
मई 2022 तक पूरी होनी है मरम्मत
राजस्थान के मुख्यमंत्री के साथ पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह की बैठक में कई मुद्दों पर सहमति बनी थी। इसमें एक मुद्दा यह भी था कि राजस्थान को 25 सालों से मात्र 200 से 300 क्यूसेक पानी ही मिल रहा था। राजस्थान के हिस्से का 1368 क्यूसेक पानी अभी पंजाब ही इस्तेमाल कर रहा है। दोनों के बीच हुई बैठक में फीडर के मरम्मत पर सहमति बनने के बाद 2022 तक काम पूरा होने की संभावना है।