पिता बगीचा सिंह को गोली मारने के बाद लाश को नहर में फेंकने के बाद पुलिस को पिता की गुमशुदगी की सूचना देने वाले बेटे हरविंदर सिंह ने प्रायश्चित करते हुए पुलिस के समक्ष अपने गुनाह को कबूल किया।
यह घटना तीन माह पहले की है। परिवार से तंग होकर अपने पिता बगीचा सिंह निवासी जोधपुर रोमाना को गोलियों से भून डाला और लाश को बोरी में बंद कर कार द्वारा मलोट रोड पर नहर में फेंक दिया।
मरने वाला बगीचा सिंह अपने परिवार के साथ जोधपुर में अलग रहता था लेकिन वह काफी गुस्से वाला था, पूरा परिवार उसके व्यवहार से परेशान था। किसी बात को लेकर उसकी बेटे से तकरार हुई और उसने बेटे को जान से मारने की धमकी भी दी लेकिन बेटे ने रात को ही उसका काम तमाम कर दिया।
3 माह वह पुलिस को गुमराह करता था लेकिन परेशान रहने लगा। तब उसने ताया व सरपंच को सारी घटना बताई और उन्होंने थाना कोटफत्ता पुलिस प्रभारी परमजीत सिंह से संपर्क कर हरविंदर सिंह का आत्मसमर्पण करवाया।
उसने पुलिस को बताया कि 16-17 जुलाई रात्रि खाना खाने के बाद उसकी पिता से तकरार हुई और उसने अपनी 12 बोर की पुश्तैनी बंदूक से पिता को छलनी कर दिया। पुलिस ने उसके खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर बंदूक को बरामद कर लिया।