फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

नहीं दी फीस तो इस स्कूल ने किया ऐसा काम, जिसे जान आप भी रह जायेंगे सन्न

Fri, 24 Mar 2017 09:26 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, फरीदकोट(पंजाब)
विज्ञापन
स्कूल स्टूडेंट्स - फोटो : Demo Pic
विज्ञापन
अगर आपके बच्चे भी स्कूल जाते हैं और आप जेब तंग कर अपने बच्चों का फीस भरते हैं, तो ये खबर आपके लिए जानना बेहद जरुरी है। ऐसे अभिभावकों के लिए फीस न भरना परेशानी खड़ी कर सकता है। कुछ ऐसा ही पंजाब के फरीदकोट से मामला सामने आया ह‌ै।
विज्ञापन


माउंट लिटरा जी स्कूल में एक माह की फीस न भरने वाले पहली से 9वीं तक के विद्यार्थियों को कक्षाओं से बाहर निकाल करीब आधा घंटा मैदान में खड़ा कर दिया। परिजनों ने आरोप लगाया है कि इस दौरान बच्चों को धमकाया गया कि अगर उन्होंने 24 मार्च तक फीस न भरी तो उन्हें वार्षिक परीक्षा में बैठने नहीं दिया जाएगा।

सीएम तक पहुंची शिकायत
इस संबंध में वीरवार को पीड़ित बच्चों के अभिभावकों ने मुख्यमंत्री, शिक्षा मंत्री, डिप्टी कमिश्नर और डीईओ को शिकायतें भेजी हैं। उन्होंने प्रबंधकों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई कर स्कूल की मान्यता रद्द करने की मांग की है। शिकायतकर्ताओं में शामिल अभिभावक रविंदर सिंह ने बताया कि बुधवार को माउंट लिटरा स्कूल के प्रबंधकों ने पहली से नौंवी कक्षा तक के ऐसे बच्चों को क्लास के बाहर निकाल लिया,
विज्ञापन


जिन्होंने महज मार्च की फीस नहीं भरी थी। उन्होंने आरोप लगाया कि इन बच्चों को करीब आधा घंटा तक खड़े रहने की सजा दी गई और दूसरे बच्चों के सामने जलील किया गया। उनका कहना है कि इस घटना के बाद से तमाम बच्चे मानसिक रूप से परेशान हो चुके हैं। अभिभावकों ने शिकायत पत्र के माध्यम से कार्रवाई कर इंसाफ दिलाने की मांग की है। 
विज्ञापन

छात्रों पर स्कूल की लाखों फीस बकाया कैसे

छात्र - फोटो : File Photo
स्कूल प्रिंसिपल सुरेश शर्मा ने बच्चों के अभिभावकों के आरोपों को बेबुनियाद बताया है। उन्होंने दावा किया कि कई विद्यार्थियों पर फीस के लाखों रुपये बकाया है। इस मामले में वह पहले भी अभिभावकों को फोन पर सूचित कर चुके हैं। 24 मार्च को परीक्षाएं खत्म हो जाएंगी। ऐसे में उन्होंने फीस न भरने वाले बच्चों को एक जगह एकत्र कर फीस भरने का आग्रह किया था। इस खड़ा करने की सजा के रूप में देखना तर्कसंगत नहीं है। 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें